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अमीरों से दोस्ती और होटल में मुलाकात, फिर पैसे लेकर हो जाती है फरार, जानें कैसे खुला हनीट्रैप का यह राज

बेलगावी पुलिस ने एक हनीट्रैप मामले का खुलासा करते हुए एक महिला को गिरफ्तार किया है जो सोशल मीडिया के जरिए अमीर पुरुषों को फंसा कर उनके पैसे और गाड़ी लेकर फरार हो जाती थी।

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भारत

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Himadri Joshi

Mar 10, 2026

Belagavi

बेलगावी हनीट्रैप मामला (फोटो- Hate Detector एक्स पोस्ट)

कर्नाटक के बेलगावी में हनीट्रैप का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। स्थानीय पुलिस ने एक ऐसी महिला को गिरफ्तार किया है जिसने कई अमीरों को प्यार के जाल में फंसाकर लूटा है। आरोपी महिला की पहचान 33 वर्षीय दीपा अवतागी के रूप में हुई है और वह मूल रूप से बागलकोट जिले के महालिंगपुर की रहने वाली है। दीपा पेशे से फैशन डिजाइनर है और वह सोशल मीडिया के जरिए लोगों को अपने जाल में फंसाती थी और फिर उनके पैसे लेकर फरार हो जाती थी।

इंस्टाग्राम और फेसबुक के जरिए लोगों को फंसाया

तिलकवाड़ी पुलिस स्टेशन की टीम ने इस पूरे मामले का खुलासा किया है। पुलिस के अनसुार दीपा इंस्टाग्राम और फेसबुक के जरिए लोगों को अपने जाल में फंसाती थी। वह ज्यादातर अमीर और प्रभावशाली लड़कों को अपना निशाना बनाया करती थी। ऐसे लोगों से वह बातचीत के जरिए दोस्ती बढ़ाती और धीरे-धीरे बातों उनका भरोसा जितती थी। जैसे ही सामने वाला व्यक्ति दीपा पर भरोसा करने लगता वह इसी भरोसे का फायदा उठाकर उसे लूट लेती थी।

दोस्ती करके होटल में मिलने बुलाती

दीपा बातचीत के जरिए रिश्ता मजबूत करती थी और फिर अपने टारगेट के सामने मिलने का प्रस्ताव रखती थी। वह सामने वाले व्यक्ति को होटल या लॉन्ज में मिलने बुलाती थी। इसके बाद जब पीड़ित उससे मिलने होटल पहुंचता तो वह किसी बहाने से उसे बाथरूम में भेज देती थी। जैसे ही पीड़िता बाथरूम में जाता दीपा वहां रखे नकद और सोना-चांदी समेत अन्य कीमती सामान लेकर वहां से फरार हो जाती थी। कई मामलों में तो दीपा पीड़ितों की कार तक अपने साथ ले जाती थी। अपने इस जाल में दीपा ने बहुत सारे लोगों को फंसाया है।

होटल से भागने के बाद फिर पीड़ितों को फोन करती

दीपा का खेल यहीं तक खत्म नहीं होता था बल्कि वह होटल से भागने के बाज पीड़ितों को फोन करती और उनसे पैसों की मांग करती थी। दीपा उनसे कहती कि अगर वह उसे पैसे दे दें तो वह उनकी कार और सामान लौटा देगी। इस तरह एक ही व्यक्ति को दीपा बार-बार ठगती थी और कई पीड़ित बदनामी के डर से उसकी बातें मान लेते थे। अगर कोई पीड़ित दीपा को पैसे देने से मना करता तो वह उसे पुलिस केस में फंसाने की धमकी भी देती थी। इस तरह लंबे समय तक दीपा का यह खेल चलता रहा और कई लोग इस जाल में फंसते रहे।

एक शिकायत से हुआ मामले का खुलासा

लेकिन आखिरकार एक पीड़ित ने हिम्मत कर दीपा के खिलाफ शिकायत दी जिसके बाद इस पूरे मामले का खुलासा हुआ। शिकायत मिलने पर पुलिस ने मामले की गुप्त जांच शुरू की और फिर दीपा को गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल पुलिस दीपा से पूछताछ कर यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि अब तक उसने कितने लोगों को इस साजिश के जरिए लूटा है और इसके अलावा किन गलत कामों को अंजाम दिया है। पूछताछ के दौरान दीपा के गिरोह में शामिल कई अन्य लोगों के भी नाम सामने आए है। लेकिन फिलहाल अन्य सभी आरोपी फरार है और पुलिस उनकी तलाश कर रही है।