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How To Become Pilot: 12वीं के बाद कैसे बन सकते हैं पायलट, जान लें कोर्स, फीस, ट्रेनिंग सबकुछ

Pilot Kaise Bane: पायलट बनने का सपना कैसे पूरा करें? जानिए 12वीं में जरूरी विषय, आयु सीमा, DGCA मेडिकल टेस्ट, SPL से CPL तक लाइसेंस प्रक्रिया, फ्लाइंग घंटे, जरूरी स्किल्स और सैलरी की पूरी जानकारी।

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भारत

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Anurag Animesh

Mar 01, 2026

How To Become Pilot

How To Become Pilot(AI Image-ChatGpt)

How To Become Pilot: बचपन में आसमान की ओर देखकर उड़ते विमान को निहारना शायद हम सभी ने किया है। कई बच्चों के मन में उसी पल एक ख्वाहिश जन्म लेती है कि एक दिन खुद कॉकपिट में बैठकर जहाज उड़ाएंगे। पायलट बनना सिर्फ रोमांच से भरा पेशा नहीं, बल्कि जिम्मेदारी और सम्मान से जुड़ा करियर भी है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि पायलट बनने के लिए कौन सा कोर्स करना होता है, कितनी फीस लगती है, ट्रेनिंग कैसी होती है? आइये जानते हैं।

Pilot Eligibility: क्या होनी चाहिए शैक्षणिक योग्यता?

अगर आप पायलट बनना चाहते हैं तो इसकी तैयारी 12वीं से ही शुरू करनी होगी। फिजिक्स, गणित और अंग्रेजी विषय के साथ कम से कम 50 प्रतिशत अंक जरूरी हैं। जिन छात्रों के पास ये विषय नहीं नहीं हैं, वे ‘नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ ओपन स्कूलिंग (NIOS)’ के जरिए दोबारा परीक्षा देकर पात्रता हासिल कर सकते हैं। उम्र की बात करें तो स्टूडेंट पायलट लाइसेंस के लिए 16 साल में शुरुआत हो सकती है, लेकिन कमर्शियल पायलट लाइसेंस (CPL) के लिए कम से कम 18 साल का होना जरूरी है।

How To Become Pilot: मेडिकल टेस्ट है सबसे अहम

पायलट बनने के लिए फिटनेस बेहद जरूरी है। आंखों की रोशनी सही होनी चाहिए और किसी गंभीर बीमारी से मुक्त होना अनिवार्य है। इसके लिए Directorate General of Civil Aviation (DGCA) से मान्यता प्राप्त डॉक्टरों से मेडिकल सर्टिफिकेट लेना पड़ता है। बिना मेडिकल क्लीयरेंस के आगे की प्रक्रिया संभव नहीं होती।

Pilot In India: लाइसेंस की सीढ़ियां

पायलट बनने की प्रक्रिया चरणों में पूरी होती है। सबसे पहले स्टूडेंट पायलट लाइसेंस (SPL) मिलता है। इसके बाद प्राइवेट पायलट लाइसेंस (PPL) की ट्रेनिंग होती है, जिसमें विमान उड़ाने की तैयारी कराई जाती है। अंत में आता है कमर्शियल पायलट लाइसेंस (CPL)। एयरलाइन में नौकरी के लिए यही लाइसेंस जरूरी है। इसके लिए कम से कम 200 घंटे की फ्लाइंग पूरी करनी होती है और कई लिखित परीक्षाएं पास करनी पड़ती हैं।

Pilot Salary In India: सैलरी और करियर ग्रोथ

एविएशन सेक्टर तेजी से बढ़ रहा है। CPL मिलने के बाद उम्मीदवार एयरलाइंस में जूनियर फर्स्ट ऑफिसर के रूप में करियर शुरू कर सकते हैं। शुरुआत में वेतन लगभग 1.5 लाख से 3 लाख रुपये प्रति माह तक हो सकता है। अनुभव और पद बढ़ने के साथ यह रकम कई गुना बढ़ जाती है। हालांकि ट्रेनिंग पर लाखों रुपये खर्च भी होते हैं। औसत 25-30 लाख रूपये पायलट के ट्रेनिंग में लग सकते हैं।