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Rajasthan Budget 2026 : बजट 2025 की इन 10 घोषणाओं का क्या हुआ… पूरी हुईं है या नहीं, जानिए

Rajasthan Budget 2026 : राजस्थान विधानसभा में एक बार फिर उम्मीदों के बजट का पिटारा खुलने को तैयार है। 11 बजे राजस्थान की वित्त मंत्री दिया कुमारी बजट पेश करेंगी। पर पिछले बजट 2025 की 10 घोषणाओं का क्या हुआ पूरी हुईं है या नहीं। जानिए।

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Rajasthan Budget 2026 know what happened to these 10 announcements of Budget 2025 whether they were fulfilled or not

राजस्थान की वित्त मंत्री दिया कुमारी। फोटो पत्रिका

Rajasthan Budget 2026 : राजस्थान विधानसभा में एक बार फिर उम्मीदों का बजट पिटारा खुलने को तैयार है। 11 बजे राजस्थान की वित्त मंत्री दिया कुमारी बजट पेश करेंगी। मेज थपथपाई जाएगी और विकास के नए दावों पर वाहवाही लूटी जाएगी, लेकिन तालियों की इस गूंज के बीच उन वादों का क्या, जो पिछले साल इसी सदन में किए गए थे? बांसवाड़ा के पर्यटन सर्किट से लेकर दौसा के जीरो एक्सीडेंट जोन तक सरकार के 'गुलाबी सपने आज भी सरकारी फाइलों की धूल फांक रहे हैं।

1- बांसवाड़ा :हवा-हवाई पर्यटन सर्किट : पिछले बजट में त्रिपुरा सुंदरी मंदिर व मानगढ़ धाम को धार्मिक पर्यटन सर्किट से जोड़ने की घोषणा की थी, लेकिन यह घोषणा कागजों से ही बाहर नहीं निकल पाई है।

2- कोटा : भामाशाह मंडी का नहीं हुआ विस्तार : पिछले बजट में कोटा की भामाशाह मंडी के विस्तार की घोषणा हुई थी, लेकिन यह कार्य नहीं हो पाया। 96 हेक्टेयर क्षेत्र में मंडी का विस्तार प्रस्तावित है। हाड़ौती में कृषि जिंसों का बंपर उत्पादन होने से मंडी छोटी पड़ने लगी है।

3- डीग : शुरू नहीं हुई बृज क्षेत्रीय विकास योजना : बृज चौरासी कोस परिक्रमा मार्ग में आ रहे डीग व कामां के विकास के लिए बृज क्षेत्रीय विकास योजना शुरू करने की घोषणा वर्ष 2023-24 के बजट में हुई थी, इसके बाद में 2024-25 के बजट में बजट राशि 50-50 करोड़ से बढ़ाकर 100-100 करोड़ कर दिया। इसके बाद भी यह मूर्त रूप नहीं ले पाई है।

4- जालोर-झालावाड़ :नहीं हुआ रिंग रोड का काम : पिछले बजट में झालावाड और जालोर शहरों के चारों ओर रिंग रोड बनाने की घोषणा की थी, यह घोषणा पूरी नहीं हो पाई।

5- दौसा : नहीं बन पाया जीरो एक्सीडेंट जोन : सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए जयपुर-आगरा नेशनल हाईवे पर सुधार करते हुए जीरो एक्सीडेंट जोन बनाने की घोषणा हुई थी।

6-सिरोही : फल-सब्जी मंडी की घोषणा अधूरी : सिरोही में फल-सब्जी मंडी की घोषणा अधूरी है। मंडार में गौण कृषि मंडी खोलने की भी घोषणा हुई थी, लेकिन स्वीकृति नहीं मिली।

7- सीकर : नहीं खुला युवा साथी केन्द्र : सीकर में युवा साथी केंद्र खोलने की घोषणा हुई थी, लेकिन पूरी नहीं हुई।

8- अजमेर : नहीं खुली योग आयुर्वेद यूनिवर्सिटी : 2025-26 के बजट में अजमेर में योग आयुर्वेद यूनिवर्सिटी को घोषणा हुई, इसके लिए अभी तक जमीन ही चिह्नित हुई है।

9- झुंझुनूं :जिले की घोषणाओं ने नहीं लिया मूर्त रूप : झुंझुनूं जिले के मंडावा को क्लीन एंड ग्रीन ईको सिटी के रूप में विकसित करने, हवाई पट्टी पर फ्लाइंग ट्रेनिंग सहित कई घोषणाएं की गई थीं, लेकिन ये मूर्त रूप नहीं ले पाईं।

10- टोंक : नहीं बनी नदी जोड़ने की डीपीआर : बीसलपुर बांध से बाणगंगा एवं रुपारेल नदी को जोड़ने के लिए डीपीआर की घोषणा हुई थी। बीसलपुर बांध की दायीं व बायीं मुख्य नहर व माइनर प्रणालियों की मरम्मत का कार्य होना था, लेकिन यह नहीं हो पाया।