हिंदुओं के हिंदू विरोध का इतिहास पुराना है। महाराणा प्रताप, शिवाजी महाराज, गुरु तेगबहादुर सिंघ से लेकर अनेक उदाहरण ऐसे है जिनको अपनों के कारण ही हानि हुई। हिंदू ही हिंदू का विरोध करना छोड़ दे तो भारत विश्वगुरु बन जाएगा। कोई हिंदू घर में जन्म से ही हिंदू नहीं हो जाता उसे हिंदू के अनुसार कर्म भी करना पड़ता है। संघ ये ही कार्य कर रहा है वो हिंदू को हिंदू क्या है ये बता रहा है। संघ किसी का विरोध नहीं करता वह तो केवल हिंदुओं का एकत्रीकरण करता है, इसमें किसी को क्या आपत्ति हो सकती है।
यह बात आरएसएस विभाग प्रचारक विजेंद्र गोठी ने दादाजी बस्ती में हिंदू सम्मेलन में मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित करते हुए कही। राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के शताब्दी वर्ष के निमित्त समाज जागरण, हिंदू एकता, सामाजिक समरसता को लेकर रविवार को हिंदू चेतना का महाकुंभ हुआ। शहर की 14 बस्तियों सहित जिलेभर में हिंदू सम्मेलनों का आयोजन किया गया। हिंदू सम्मेलनों में बच्चों ने महापुरुषों, वीरांगनाओं, वीर योद्धाओं के रूप में प्रस्तुति दी। सभी सम्मेलनों में भारत माता की आरती के पश्चात हिंदू एकता के साथ राष्ट्र को शक्तिशाली बनाने के लिए संकल्प भी दिलाया गया। अंत में संगत में पंगत के तहत सामाजिक समरसता का संदेश देते हुए सहभोज का आयोजन भी सभी जगह हुआ।
यह हुआ हिंदू सम्मेलनों में
-मुख्य वक्ताओं द्वारा संघ की 100 वर्ष की यात्रा के बारे में बताया गया। संघ के राष्ट्रहित में किए कार्यों, हिंदू एकता, सामाजिक समरसता, आपदाओं में सेवा कार्य, सीमाओं पर सेना का मनोबल बढ़ाने, सांस्कृतिक पुनर्जागरण में संघ के योगदान की जानकारी दी।
-महिला वक्ताओं ने कुटुंब प्रबोधन पर अपने वक्तव्य दिए। समाज प्रमुखों, संत समाज ने संघ के पंच परिवर्तन सामाजिक समरसता, पर्यावरण संरक्षण, स्वदेशी जीवनशैली, नागरिक कर्तव्य बोध एवं परिवार प्रबोधन पर विस्तार से चर्चा हुई।
यहां यह रहे वक्ता
-रामनगर बस्ती : परमानंद पाटिल विभाग कार्यवाह, मातृशक्ति मोनिका पालीवाल, समाज प्रमुख अरुण सोनी, संत पंकज मुनि कालीघोड़ी।
-माता चौक : नितेश पाटीदार जिला कार्यवाह, मातृशक्ति सरिता महोदय, समाज प्रमुख महेश पांचाल, संत दुर्गा दास महाराज।
-सर्वोदय बस्ती : शैलेंद्र जलोदिया, कल्पना जायसवाल, सुनील यादव, संत महामंडलेश्वर विष्णु महाराज।
–वत्सला बस्ती – शंभु गिरी, अखिल भारतीय सह ग्राम विकास संयोजक शोभा तोमर, मंगलेश उपाध्याय, ब्रह्मगिरी महाराज।
-गायत्री बस्ती : सुनील बागुल प्रांत बौध्दिक प्रमुख, उज्जवला मुंदड़ा आशीष वर्मा, संत देवेंद्र डोंगरे महाराज।
-किशोर बस्ती : संतोष वाघमरे, मातृशक्ति चारु लता यादव, समाज प्रमुख डॉ. सतीश सराफ, संत मजूमदार महाराज।
-रामेश्वर बस्ती : मनीष जायसवाल, मातृशक्ति योगिता महेश्वरी, समाज प्रमुख महेंद्र लाड़, संत भाईराम बाबा।
-रमा बस्ती : मोहित सेंगर विहिप प्रांत संगठन मंत्री, पुष्पा खेड़े, मोहन दीवान, पं. आशीष सरमंडल।
-बड़ाबम बस्ती : विभाग प्रचार प्रमुख निलेश माहुलीकर, सोनल बरोले, पियूष भंसाली, पं. बसंत महोदय।
पड़ावा बस्ती : शक्ति सिंह राठौर जिला संघ चालक, श्रुति जैन, चंद्रहास नामदेव, पं. अनिलानंद वाघ।
-दादाजी बस्ती : विभाग प्रचारक विजेंद्र गोठी, अर्चना मुजमेर, रामनारायण कुशवाह, रामजी महाराज।
-कुंडलेश्वर बस्ती : जीवन धाकड़, हर्षा शर्मा, पं. पवन गीते, संत मोहित शास्त्री।
-मानसिंग बस्ती : अमरकांत शर्मा, दिव्या त्रिवेदी, मनजीत छाबड़ा पं. नवीन शर्मा।
–टैगोर बस्ती : विभाग प्रचारक विजेंद्र गोठी, योगिता पाटीदार पंडित प्रबल दीक्षित।