
मिड डे मील योजना बंद होने के कगार पर (photo source- Patrika)
Mid Day Meal Scheme: कांग्रेस की प्रदेश प्रवक्ता वंदना राजपूत ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) की राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि सरकार सिस्टमैटिक तरीके से मिड-डे मील स्कीम को बंद करने की कोशिश कर रही है। पिछले 40 दिनों से स्कूलों में बच्चों को पौष्टिक खाना नहीं मिल रहा है, जिससे उनकी अटेंडेंस पर बुरा असर पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि मध्यान्ह भोजन योजना की शुरुआत बच्चों में कुपोषण, भूख और शिक्षा से दूरी जैसी समस्याओं को दूर करने के लिए की गई थी। इस योजना से सकारात्मक परिणाम भी मिल रहे थे, लेकिन वर्तमान सरकार की स्पष्ट नीति के अभाव में यह योजना ठप होने की स्थिति में पहुंच गई है। लगातार 40 दिनों से भोजन वितरण बंद होने से गरीब परिवारों के बच्चों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
वंदना राजपूत ने कहा कि कुक यूनियन पूरे राज्य में हड़ताल पर है, जो करीब 40 दिनों से चल रही है। इस दौरान दो महिलाओं की मौत हो गई है, जबकि कई अन्य की हालत गंभीर बताई जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार महिला सशक्तिकरण की बात करती है, लेकिन जमीनी स्तर पर महिलाओं की समस्याओं को दूर करने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए जा रहे हैं।
कांग्रेस के एक प्रवक्ता ने कहा कि सरकार ने अभी तक कुक यूनियन के साथ ऑफिशियली बातचीत शुरू नहीं की है। उनकी मांगों पर बातचीत करने या उन्हें हल करने की कोई कोशिश नहीं दिख रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि विष्णु देव साई सरकार की बेपरवाही की वजह से मिड-डे मील स्कीम मुश्किल में है। इस वजह से, राज्य के गरीब और पिछड़े समुदायों के बच्चे कुपोषण के खतरे का सामना कर रहे हैं और पढ़ाई से दूर हो रहे हैं। कांग्रेस पार्टी ने स्कीम को ठीक से चलाने के लिए तुरंत सरकारी दखल की मांग की।
Updated on:
15 Feb 2026 02:44 pm
Published on:
15 Feb 2026 02:43 pm
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