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Patrika Interview: अभिनेत्री समता सागर बोलीं- रोना, चिल्लाना और साजिशें ही महिला किरदारों की पहचान बन गई हैं..

Patrika Interview: मिडिल क्लास परिवारों की सच्चाई, सिचुएशनल कॉमेडी की गहराई और महिला किरदारों के यथार्थ चित्रण को लेकर उनकी सोच बाजार से अलग है। अभिनेत्री और लेखिका समता सागर से पत्रिका की बातचीत

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Actress samta sagar interview

अभिनेत्री और लेखिका समता सागर Photo ( Instagram ID )

Patrika Interview: ताबीर हुसैन. अभिनेत्री और लेखिका समता सागर उन रचनाकारों में हैं, जिन्होंने अपने लेखन और अभिनय से आम जिंदगी की कहानियों को खास बना दिया है। थिएटर, टेलीविजन और लेखन का उनका अनुभव उन्हें एक संवेदनशील नजरिया देता है। मिडिल क्लास परिवारों की सच्चाई, सिचुएशनल कॉमेडी की गहराई और महिला किरदारों के यथार्थ चित्रण को लेकर उनकी सोच बाजार से अलग है। भारत रंग महोत्सव में शामिल होने आईं समता सागर ने पत्रिका से बातचीत में अपने रचनात्मक संतोष, बचपन के अनुभवों, कॉमेडी की समझ, थिएटर की भूमिका और भारतीय टेलीविजन पर महिलाओं के मौजूदा चित्रण पर खुलकर विचार रखे।

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