
श्रीलंकाई नौसेना ने 47 भारतीय मछुआरों को गिरफ्तार किया (प्रतीकात्मक तस्वीर)
रामेश्वरम से सटे समुद्री क्षेत्र में मंगलवार तड़के बड़ा घटनाक्रम सामने आया, जब श्रीलंकाई Navy ने 10 भारतीय मछुआरों को पकड़ लिया। मछुआरों पर अंतरराष्ट्रीय समुद्री सीमा रेखा (IMBL) पार करने का आरोप है और उनकी नाव भी जब्त कर ली गई है। मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने विदेश मंत्री एस. जयशंकर को पत्र लिखकर श्रीलंका में बंद तमिलनाडु के मछुआरों और उनकी नावों की तत्काल रिहाई की मांग की है।
आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक, तंगलचीमादम और रामेश्वरम के मछुआरे सोमवार रात एम. तेनारसु की नाव से समुद्र में मछली पकड़ने के लिए निकले थे। मंगलवार तड़के नेदुंतीवु के पास श्रीलंकाई Navy ने उनकी नाव को श्रीलंकाई जल सीमा में पकड़ लिया। इस साल रामेश्वरम के मछुआरों की यह पहली गिरफ्तारी मानी जा रही है।
मत्स्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि हाल ही में खराब मौसम के कारण समुद्र में मछली पकड़ने पर रोक थी। सोमवार को मौसम सामान्य होने के बाद 350 से अधिक नावों को समुद्र में जाने के लिए टोकन जारी किए गए। सोमवार रात में कुछ नावें अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास मछली पकड़ रही थीं, जिनमें से एक नाव सीमा पार कर गई और पकड़ी गई।
मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने विदेश मंत्री एस. जयशंकर को पत्र लिखकर श्रीलंका में बंद तमिलनाडु के मछुआरों और उनकी नावों की तत्काल रिहाई की मांग की है। मुख्यमंत्री ने पत्र में बताया कि यह घटना पोंगल के त्योहार की पूर्व संध्या पर हुई, जिससे तमिलनाडु के मछुआरों और उनके परिवारों की परेशानियां एक बार फिर उजागर हो गई हैं।
मुख्यमंत्री ने पत्र में यह भी उल्लेख किया कि श्रीलंकाई अधिकारियों द्वारा तमिलनाडु के मछुआरों की गिरफ्तारी और उनकी नावों की जब्ती की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। वर्तमान समय में कुल 83 मछुआरे और 252 मछली पकड़ने वाली नावें श्रीलंका की हिरासत में हैं, जिसमें ताजा घटना के मछुआरे भी शामिल हैं।
परिवारों की चिंता और अनिश्चितता को देखते हुए मुख्यमंत्री स्टालिन ने केंद्र सरकार से अनुरोध किया है कि वह इस मामले को तत्काल और कूटनीतिक स्तर पर उठाए। उन्होंने आग्रह किया कि श्रीलंका में बंद सभी मछुआरों और उनकी नावों की जल्द रिहाई सुनिश्चित की जाए, ताकि वे पोंगल पर्व पर अपने परिवारों के साथ रह सकें।
मुख्यमंत्री ने पत्र में केंद्र सरकार से श्रीलंकाई सरकार के साथ कूटनीतिक बातचीत के जरिए आगे गिरफ्तारी रोकने और बंद मछुआरों की वापसी के लिए त्वरित कार्रवाई की मांग की है।
Published on:
13 Jan 2026 03:37 pm
बड़ी खबरें
View Allचेन्नई
तमिलनाडु
ट्रेंडिंग

