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भाजपा के नितिन पाटिल पनवेल के महापौर चुने गए, प्रमिला पाटिल उप महापौर बनीं

पनवेल नगर निगम में महायुति ने स्पष्ट बहुमत के दम पर सत्ता संभाली। नितिन जयराम पाटिल मेयर और प्रमिला पाटिल डिप्टी मेयर निर्विरोध चुनी गईं। तीन साल बाद निर्वाचित निकाय से नागरिकों को राहत की उम्मीद है।

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भारत

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Himadri Joshi

Feb 10, 2026

Nitin Patil and Pramila Patil

नितिन पाटिल और प्रमिला पाटिल (फोटो - Prashant Thakur एक्स अकाउंट)

महाराष्ट्र के रायगड जिले का सबसे बड़ा शहरी निकाय पनवेल नगर निगम लंबे समय से प्रशासक शासन के अधीन था। स्थानीय नागरिक बुनियादी सुविधाओं और विकास कार्यों को लेकर लगातार असंतोष जता रहे थे। मंगलवार को भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाली महायुति ने औपचारिक रूप से नगर निगम की कमान संभाल ली, जब नितिन जयराम पाटिल को मेयर और प्रमिला रविनाथ पाटिल को डिप्टी मेयर निर्विरोध चुना गया।

महायुति का संख्याबल और विपक्ष की रणनीति

पनवेल नगर निगम की कुल 78 सीटों में से महायुति के पास 59 सीटें हैं, जिससे उसका बहुमत पूरी तरह स्पष्ट था। इसी संख्याबल के कारण किसान और कामगार पार्टी (PWP) और कांग्रेस ने अपने उम्मीदवारों के नामांकन वापस ले लिए। पीजेंट्स एंड वर्कर्स पार्टी (PWP) ने पहले मेयर पद के लिए अर्चना नितिन भोईर और कांग्रेस ने डिप्टी मेयर पद के लिए लीला रतन काटकरी को मैदान में उतारा था। हालांकि, महायुति के मजबूत बहुमत के सामने विपक्षी दलों ने मुकाबला न करने का फैसला किया, जिससे चुनाव निर्विरोध संपन्न हुआ।

नितिन पाटिल का राजनीतिक सफर और ऐतिहासिक चयन

नितिन जयराम पाटिल दो बार के नगरसेवक रह चुके हैं और वार्ड 18 बी से निर्विरोध निर्वाचित हुए थे। उनके मुकाबले में पीजेंट्स एंड वर्कर्स पार्टी (PWP) के उम्मीदवार का नामांकन जाति प्रमाणपत्र के कारण खारिज हो गया था। पनवेल के विधायक प्रशांत ठाकुर ने इसे कृषि समुदाय के लिए ऐतिहासिक क्षण बताया। नितिन पाटिल पनवेल नगर निगम के पहले मेयर हैं जो अग्री समुदाय से आते हैं, जिससे इस समुदाय में खास उत्साह देखा जा रहा है।

तीन साल बाद निर्वाचित निकाय से उम्मीदें

मेयर बनने के बाद नितिन पाटिल ने पार्टी नेतृत्व और महायुति सहयोगियों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि प्रशासक शासन के कारण पिछले तीन वर्षों से कई नागरिक समस्याएं लंबित पड़ी थीं। पानी आपूर्ति, सड़क, कचरा प्रबंधन और अन्य बुनियादी सेवाओं पर तत्काल ध्यान दिया जाएगा। नितिन ने यह भी कहा कि हालिया जिला परिषद और पंचायत चुनावों में मिली जीत ने भारतीय जनता पार्टी की ताकत को साबित किया है और उसी भरोसे के साथ नगर निगम में काम किया जाएगा।