
सीएम देवेंद्र फडणवीस (Photo: IANS)
महाराष्ट्र में 29 महानगरपालिकाओं के मतदान से एक दिन पहले मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने विपक्षी दलों विशेषकर शिवसेना (UBT) पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने स्पष्ट किया कि महायुति गठबंधन का मुख्य एजेंडा विकास है, लेकिन हिंदुत्व उनकी विचारधारा की नींव है। उन्होंने दावा किया कि राज्य की 29 में से 27 नगर निगमों में भाजपा, शिवसेना या एनसीपी से ही मेयर बनेगा। फडणवीस ने स्पष्ट कहा कि भविष्य में उद्धव ठाकरे के साथ गठबंधन की कोई जरूरत नहीं पड़ेगी। लेकिन उनके साथ चाय पी सकते हैं, क्योंकि वो दुश्मन नहीं है।
सीएम फडणवीस ने उद्धव ठाकरे की आलोचना करते हुए कहा कि वे मराठी और मुस्लिम वोटों के आधार पर मेयर चुनने की बात कर रहे हैं, जो समाज को बांटने की कोशिश है। फडणवीस ने जोर देकर कहा, मराठी और हिंदू अलग नहीं हैं। मराठी मानुस हिंदू ही है, उन्हें बांटने की कोशिश कभी सफल नहीं होगी।
उन्होंने कहा, "हमने चुनाव हिंदुत्व के नाम पर नहीं, बल्कि विकास के मुद्दे पर लड़ा है। लेकिन हिंदुत्व हमारी आत्मा है। हिंदुत्व हमारा विचार है। हिंदुत्व और विकास एक दूसरे से जुड़े हुए हैं। लेकिन हमारा हिंदुत्व संकुचित नहीं। हमने हिंदुत्व को धार्मिक रीति-रिवाजों के आधार पर परिभाषित नहीं किया है। हमारा हिंदुत्व भारतीय संस्कृति और प्राचीन भारतीय जीवन शैली पर आधारित है।“
मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि राज्य की जनता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और महायुति सरकार के काम पर मुहर लगाएगी। उन्होंने सत्तारूढ़ गठबंधन को भारी बहुमत मिलने का दावा करते हुए कहा, 29 में से कम से कम 26 या 27 नगर निगमों में महायुति का मेयर बनेगा। बता दें कि महायुति में भाजपा, एकनाथ शिंदे की शिवसेना और अजित पवार की एनसीपी शामिल है।
सीएम फडणवीस ने दावा किया कि उन्होंने महाराष्ट्र के हर गांव और हर बड़े शहर का दौरा किया है। उनका आकलन है कि जनता का मन बन चुका है और लोग महायुति के साथ खड़े हैं। फडणवीस ने कहा, इस बार महायुति गठबंधन ने समाज के हर वर्ग से उम्मीदवारों को चुना है, जिनमें बड़ी संख्या में डॉक्टर, वकील, पीएचडी धारक और शिक्षित युवा शामिल हैं। सब्जी बेचने वाले से लेकर ठेला लगाने वाले तक सबसे गरीब से लेकर पढ़े-लिखे लोगों तक को टिकट दिया गया है।
महायुति के भीतर मतभेदों की चर्चाओं पर फडणवीस ने कहा कि गठबंधन में किसी तरह की उलझन या अंदरूनी लड़ाई नहीं है। पुणे और पिंपरी-चिंचवड में गठबंधन सहयोगियों के बीच 'फ्रेंडली फाइट' पर उन्होंने कहा, वहां कोई आपसी झगड़ा नहीं है। हालांकि, उन्होंने अजित पवार द्वारा की गई आलोचना पर कहा, "हमने तय किया था कि हम एक-दूसरे के खिलाफ नहीं बोलेंगे। शायद चुनाव के दबाव में अजित दादा ने कुछ बातें कह दीं, लेकिन हमने पलटवार करने के बजाय विकास के साथ जवाब दिया है।"
उद्धव ठाकरे के साथ भविष्य में किसी भी समझौते की संभावना को नकारते हुए सीएम फडणवीस ने कहा, "हमें भविष्य में कभी भी महाविकास अघाड़ी (MVA) या उद्धव ठाकरे की जरूरत नहीं पड़ेगी। हम यह चुनाव जीत रहे हैं। वे हमारे दुश्मन नहीं हैं, हम भविष्य में उनके साथ चाय पी सकते हैं, लेकिन गठबंधन कभी नहीं करेंगे।"*
मनसे प्रमुख राज ठाकरे द्वारा भाजपा नेता के. अन्नामलाई (K Annamalai) पर की गई टिप्पणी का भी फडणवीस ने जवाब दिया। उन्होंने अन्नामलाई द्वारा 'मुंबई' की जगह 'बॉम्बे' शब्द के इस्तेमाल पर मचे बवाल को भ्रामक करार दिया। उन्होंने कहा कि भाषा की सीमा के कारण शब्दों का हेरफेर हो सकता है, लेकिन इसका मतलब मुंबई का अपमान कतई नहीं है। उन्होंने विपक्ष को घेरा कि वे भाषाई मुद्दों पर लोगों को गुमराह करने की कोशिश कर रहे हैं।
फडणवीस ने कहा कि ये चुनाव यह साबित करेंगे कि महाराष्ट्र की जनता को राज्य सरकार पर भरोसा है और वे नरेंद्र मोदी के नेतृत्व के साथ खड़े हैं। पूरे देश की भाजपा एक परिवार है। जीत कहीं भी हो, खुशी पूरे परिवार की होती है।
Updated on:
14 Jan 2026 08:04 pm
Published on:
14 Jan 2026 08:03 pm
