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जबलपुर, Jan 03, 2026

archery arena : एमपी का इकलौता आर्चरी एरीना, जहां तैयार हो रहे अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी

वर्तमान में एकेडमी में 72 खिलाड़ी प्रेक्टिस कर रहे हैं। इनमें अधिकतर नेशनल और इंटरनेशल स्तर के खिलाड़ी हैं। उनके अलावा प्रदेश स्तर के चयनित खिलाडिय़ों को भी तैयार किया जा रहा है। इसी एकेडमी से दो बार 10-10 खिलाड़ी फॉरेन प्रेक्टिस के लिए चयन हो चुका है।

archery arena

archery arena

  • अंतरराष्ट्रीय स्तर की आर्चरी फील्ड का हुआ है निर्माण
  • 72 खिलाड़ी अभी कर रहे प्रेक्टिस, इनमें अधिकतर इंटरनेशनल और नेशनल खिलाड़ी शामिल
  • दो बार 10-10 खिलाड़ी जा चुके फॉरेन ट्रेनिंग पर, उसका यहीं से होता है सिलेक्शन

archery arena : शहर में एक बड़ी उपलब्धि हासिल कर ली है। यहां बने मप्र के इकलौते आर्चरी अरीना में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी तैयार हो रहे हैं। यहां से विदेशों में प्रशिक्षण प्राप्त करने के लिए भी खिलाड़ी निकल रहे हैं। खेल जानकारों के अनुसार इस वर्ष मप्र आर्चरी अकादमी में रा’य और राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताएं होने वाली हैं। उल्लेखनीय है कि राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय तीरंदाजी के मुकाबलों के लिए गोकलपुर तालाब के किनारे दो साल पहले अंतरराष्ट्रीय आर्चरी एरिना बनाया गया था। इसमें प्रदेश के तीरंदाजों को प्रशिक्षण के साथ आवास की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।

archery arena : 72 खिलाड़ी कर रहे प्रेक्टिस

आर्चरी के अधिकारियों के अनुसार वर्तमान में एकेडमी में 72 खिलाड़ी प्रेक्टिस कर रहे हैं। इनमें अधिकतर नेशनल और इंटरनेशल स्तर के खिलाड़ी हैं। उनके अलावा प्रदेश स्तर के चयनित खिलाडिय़ों को भी तैयार किया जा रहा है। इसी एकेडमी से दो बार 10-10 खिलाड़ी फॉरेन प्रेक्टिस के लिए चयन हो चुका है।

archery arena : सबसे बड़ी आर्चरी अकादमी

जानकारी के अनुसार जबलपुर के गोकलपुर तालाब किनारे बनी मप्र आर्चरी एकेडमी प्रदेश और देश की एकलौती आर्चरी फील्ड है जो इतनी बड़ी और आधुनिक सुविधाओं के साथ तैयार की गई है। करीब 19 करोड़ की लागत से इसे मप्र पुलिस हाउसिंग कारपोरेशन ने बनाया था। इसी साल यहां खेलो मप्र समेत राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताएं आयोजित की जानी हैं।

archery arena : 70 मीटर की आर्चरी फील्ड

जबलपुर इंजीनियरिंग कॉलेज के पीछे बनी इस एकेडमी के लिए 70 मीटर की आर्चरी फील्ड बनाई गई है। इसमें रिकर्व और कपाउंड आर्चरी का अभ्यास कराया जा रहा है। यह एक आदर्श फील्ड है जो राष्ट्रीय व अंतराष्ट्रीय स्पर्धाओं के लिए उपर्युक्त मानी जाती है। ऐसे में जबलपुर में राष्ट्रीय स्तर के टूर्नामेंट के लिए यह आर्चरी दावेदार है। साथ ही अंतरराष्ट्रीय स्पर्धाओं के टीम इंडिया का सिलेक्शन ट्रायल भी यहां होने लगा है। आगामी योजना में नाइट प्रैक्टिस फेसिलिटी उपलब्ध कराना शामिल है।

archery arena : हॉस्टल में रह सकते हैं 48 खिलाड़ी

एकेडमी में हॉस्टल स्कीम के तहत 48 खिलाडिय़ों को रहने की सुविधा है। इसमें 24-24 पुरुष व महिला खिलाड़ी रह सकते हैं। डे बोर्डिंग स्कीम में अलग से खिलाडिय़ों के लिए व्यवस्था है।

archery arena : ये सुविधाएं भी उपलब्ध

मप्र आर्चरी एकेडमी में जिमनेजियम, फिजियोथैरेपी कक्ष, योग हॉल, चेजिंग रूम, धनुष और तीर रखने के लिए कपाउंड, स्टीम बाथ बनाए गए हैं। इसी प्रकार फील्ड के पास प्रशासनिक भवन के पहली मंजिल पर वीआइपी गैलरी बनाई गई है।

archery arena : खेलो एमपी के दो खेल जबलपुर में होने हैं। आर्चरी अकादमी में होगा, खो खो रानीताल में होगा। नेशनल के लिए प्रयास कर रहे हैं। ताकि शहर की अकादमी को इसका फायदा मिल सके।

  • दिग्विजय सिंह, महासचिव, मप्र ओलम्पिक संघ
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