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1 घंटे तक चीखती-चिल्लाती रही कक्षा 7वीं की छात्रा; किसी ने नहीं सुनी, बाथरूम में….

Private School Student Locked In Bathroom: 1 घंटे तक बाथरूम में कक्षा 7वीं की छात्रा चीखती-चिल्लाती रही, लेकिन उसकी किसी ने नहीं सुनी। जानिए पूरा मामला क्या है?

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Private School Student

प्रतीकात्मक फोटो। सोर्स-AI

Private School Student Locked In Bathroom: ग्रेटर नोएडा के बीटा-1 क्षेत्र स्थित एक निजी स्कूल में सुरक्षा की लापरवाही का मामला सामने आया है। आरोप है कि कक्षा 7वीं की एक छात्रा विद्यालय समय के दौरान करीब 1 घंटे तक स्कूल के बाथरूम में बंद रही। छात्रा के परिजनों ने इस घटना को लेकर जिला प्रशासन से शिकायत की है और निष्पक्ष जांच की मांग की है।

ग्रेटर नोएडा के निजी स्कूल में छात्रा एक घंटे तक बाथरूम में रही बंद

जानकारी के अनुसार, 19 फरवरी को छात्रा स्कूल समय के दौरान बाथरूम गई थी। आरोप है कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने बाथरूम का दरवाजा बाहर से बंद कर दिया, जिसके कारण वह अंदर ही फंस गई। बताया जा रहा है कि छात्रा करीब 1 घंटे तक अंदर बंद रही और लगातार मदद के लिए चीखती-चिल्लाती रही। बाद में एक शिक्षक ने आवाज सुनकर दरवाजा खोला और छात्रा को बाहर निकाला।

UP News In Hindi: परिजनों ने डीएम से की शिकायत

छात्रा के पिता अशोक भाटी ने इस संबंध में गौतमबुद्ध नगर के जिलाधिकारी को लिखित शिकायत दी है। शिकायत पत्र में उन्होंने कहा है कि इस घटना से उनकी बेटी मानसिक रूप से काफी आहत और भयभीत है। घटना के बाद से वह तनाव में है, जिससे परिवार बेहद चिंतित है। परिजनों का आरोप है कि स्कूल प्रशासन इस घटना से इनकार कर रहा है और यह दावा कर रहा है कि दरवाजा बाहर से बंद नहीं था तथा छात्रा अंदर फंसी नहीं थी।

Uttar Pradesh News in Hindi: मामले में निष्पक्ष जांच की मांग

अभिभावकों का कहना है कि अगर ऐसा नहीं था तो फिर छात्रा लगभग एक घंटे तक बाथरूम में कैसे रही? उन्होंने स्कूल की सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी प्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। अभिभावकों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि मामले की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच कराई जाए। अगर लापरवाही पाई जाती है तो संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उनका कहना है कि अभिभावक भारी फीस इस भरोसे पर देते हैं कि उनके बच्चों को सुरक्षित वातावरण मिलेगा। ऐसे में इस प्रकार की घटना विद्यालय प्रबंधन की सुरक्षा व्यवस्था पर प्रश्नचिह्न लगाती है। फिलहाल, प्रशासन की ओर से शिकायत प्राप्त होने की पुष्टि की गई है। मामले की जांच के बाद ही पूरी स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।