
फोटो पत्रिका नेटवर्क
बायतु (बाड़मेर)। बाड़मेर जिले के बायतु क्षेत्र के भोजासर ग्राम पंचायत मुख्यालय पर हाईटेंशन ट्रांसमिशन लाइन को लेकर धरना दे रहे किसानों ने सोमवार को ट्रेक्टरों के साथ जैसे ही बाड़मेर की ओर कूच किया तो पुलिस, प्रशासन ने उन्हें रोक लिया। निम्बोणियों की ढाणी टोल प्लाजा पर भारी पुलिस बल लगाकर क्रेन से सड़क बंद कर दी। आगे बढ़ रहे किसान और महिलाओं को रोकने पर पुलिस के साथ झड़प हो गई।
महिलाओं ने पुलिस की लाठियां पकड़ ली। दोनों पक्षों में जमकर धक्का-मुक्की हुई। इससे गुस्साए किसान नेशनल हाईवे पर ही धरने पर बैठ गए। फिलहाल बाड़मेर एसडीएम यशार्थ शेखर, डीएसपी रमेश शर्मा समेत प्रशासनिक अधिकारी समझाने का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन किसान अपनी मांगों और कलक्टर से वार्ता पर अड़े गए। मौके पर बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी व आरएसी जवान तैनात हैं।
बायतु में 765 केवी की डबल ट्रांसमिशन लाइन बिछाने का काम चल रहा है। इसे लेकर किसानों को मुआवजा मिलना था। ये लाइनें किसानों के खेतों के ऊपर निकल रही हैं। किसान मुआवजे को लेकर इकठ्ठा हुए थे और बायतु से बाड़मेर कलेक्ट्रेट आ रहे थे। किसानों का कहना है कि बायतु इलाके में ट्रांसमिशन लाइन बिछाने का काम चल रहा है। कंपनी की ओर से मुआवजा नहीं दिया जा रहा।
सड़क पर बैठे किसानों ने प्रशासन को चेतावनी दी की प्रशासन, प्रोजेक्ट के प्रतिनिधि वार्ता करें वरना बाड़मेर कूच किया जाएगा। इस पर प्रशासन द्वारा सक्षम स्तर के अधिकारी एवं प्रोजेक्ट के प्रतिनिधि से सकारात्मक वार्ता के आश्वासन पर किसानों का प्रतिनिधिमंडल वार्ता के लिए राजी हुआ। तब टोल प्लाजा पर ही वार्ता हुई; किसानों के प्रतिनिधिमंडल में बायतु प्रधान सिमरथा राम बेनीवाल, बायतु भीमजी सरपंच किशनाराम मेघवाल, बोड़वा सरपंच चैनाराम गोदारा, आरएलपी नेता जालाराम पालीवाल, भाजपा युवा नेता जोगा राम भोजासर, एडवोकेट कुंभ सिंह सऊ, पूर्व छात्र संघ ओमप्रकाश मुंढ़, स्थानीय ग्रामीण भुराराम सऊ, शामिल रहें। वार्ता में एसडीएम यथार्थ शेखर, युआइटी सचिव श्रवणसिंह राजावत, बायतु तहसीलदार मोनालिसा देथा सहित अन्य अधिकारी शामिल रहें।
मामले को लेकर सांसद हनुमान बेनीवाल ने कहा कि किसानों को पुलिस के जरिए डराने का प्रयास किया जा रहा है, यह लोकतांत्रित व्यवस्था का अपमान है। बायतु क्षेत्र में एक दर्जन से अधिक गांवों में 765 केवी की डबल सरकारी ट्रांसमिशन लाइन का कार्य किसानों को बिना मुआवजा दिए जबरन किया जा रहा है, जो अनुचित है। मुख्यमंत्री इस मामले में संज्ञान लेकर किसानों को उचित मुआवजा दिलवाएं।
Updated on:
09 Feb 2026 10:10 pm
Published on:
09 Feb 2026 09:54 pm
बड़ी खबरें
View Allबाड़मेर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
