Delhi Hotel Fire Investigation: दिल्ली के फ्लोरिश स्टे होटल अग्निकांड में बड़ा खुलासा हुआ है। पुलिस पूछताछ में कुक ने कबूल किया कि आग लगने के बाद उसने होटल की मेन बिजली सप्लाई बंद कर दी थी।
Delhi Hotel Fire: दिल्ली के हौज रानी इलाके के फ्लोरिश स्टे होटल में 3 जून को हुए भीषण अग्निकांड ने 21 लोगों की जान ले ली थी, जिसमें 13 विदेशी शामिल थे। अब शनिवार को इस मामले में पुलिस ने होटल के कुक केशव नेगी को गिरफ्तार कर लिया है। उससे लगभग 6 घंटे तक पूछताछ की गई, जिसके बाद उसने एक बड़ा खुलासा किया। कुक ने बताया कि आग लगने के बाद उसने होटल की मेन बिजली सप्लाई का स्विच बंद कर दिया था और वहां से भाग गया था। आपको बता दें कि इस मामले में पहले भी कई गंभीर लापरवाहियां सामने आ चुकी हैं। जांच में होटल में सुरक्षा मानकों की अनदेखी और नियमों के उल्लंघन के आरोप लगे हैं। वहीं पुलिस होटल के मालिक लवकेश बजाज को भी पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है और मामले की जांच लगातार जारी है।
पुलिस पूछताछ में 65 साल के कुक केशव नेगी ने बताया कि आग की शुरुआत होटल के किचन से हुई थी। उसके अनुसार उसने जैसे ही इलेक्ट्रिक स्टोव चालू किया, कुछ देर बाद उसमें जोरदार धमाका हो गया। धमाके के बाद आग तेजी से फैलने लगी और देखते ही देखते पूरे होटल में धुआं भर गया। कुछ ही मिनटों में आग ने कई हिस्सों को अपनी चपेट में ले लिया।
पुलिस जांच में यह बात भी सामने आई है कि आग लगने के बाद कुक ने होटल की मेन बिजली सप्लाई बंद कर दी थी और वहां से चला गया था। पुलिस का मानना है कि उसकी यह गलती हादसे के दौरान काफी भारी पड़ी। जिस समय होटल में आग और धुआं तेजी से फैल रहा था, उस समय लोगों को सुरक्षित बाहर निकलने के लिए लाइट का चालू रहना बहुत जरूरी था। जांच अधिकारियों का कहना है कि इसी वजह से कुछ लोग समय रहते बाहर नहीं निकल पाए और होटल के अंदर ही फंस गए।
वहीं होटल में होटल में इलेक्ट्रॉनिक दरवाजों का सिस्टम लगा हुआ था, जो बिजली से चलता था। पुलिस को शक है कि जैसे ही होटल की बिजली बंद हुई, दरवाजों ने काम करना बंद कर दिया होगा। इसके कारण कई मेहमान अपने कमरों से बाहर नहीं निकल पाए। जांच में यह भी सामने आया है कि कुछ लोग धुएं और आग से बचने के लिए काफी देर तक बाहर निकलने की कोशिश करते रहे, लेकिन उन्हें रास्ता नहीं मिल सका।
इस मामले में पुलिस होटल के मालिक लवकेश बजाज को पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है। उसके खिलाफ गैर-इरादतन हत्या समेत कई गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया गया है। जांच के दौरान पता चला कि होटल को सिर्फ 6 कमरे चलाने की अनुमति मिली थी, लेकिन वहां 28 कमरे संचालित किए जा रहे थे। इसके अलावा होटल में फायर सेफ्टी के इंतजाम भी नहीं थे। जांच में अवैध निर्माण और इमरजेंसी एग्जिट जैसी कमियां भी सामने आईं हैं।