Abhishek Banerjee Attack: तृणमूल सांसद महुआ मोइत्रा ने अभिषेक बनर्जी पर हुए हमले को लेकर बीजेपी पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी कार्यकर्ता सुष्मिता दत्ता ने पथराव किया।
Mahua Moitra on Abhishek Banerjee Attack: तृणमूल सांसद अभिषेक बनर्जी पर हुए हमले को लेकर सांसद महुआ मोइत्रा ने रविवार को बीजेपी पर निशाना साधा है। उन्होंने बीजेपी को गंदी और जंगली पार्टी भी बताया। उन्होंने कहा कि बीजेपी कार्यकर्ता सुष्मिता दत्ता ने अभिषेक बनर्जी पर पथराव किया है और वह कैमरे में भी कैद हुई है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए महुआ मोइत्रा ने कहा कि आम लोग टीएमसी पर हमला नहीं कर रहे हैं, बल्कि बीजेपी झूठ फैलाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने लिखा कि गंदी और जंगली भाजपा झूठ फैलाना बंद करे। आम लोग टीएमसी पर हमला नहीं कर रहे हैं। भाजपा कार्यकर्ता सुष्मिता दत्ता को अभिषेक बनर्जी पर पत्थर फेंकते हुए कैमरे में देखा गया है। भाजपा गुंडागर्दी की राजनीति कर रही है।
टीएमसी सांसद बनर्जी पर हुए हमले को लेकर शुभेन्दु सरकार की तरफ से भी प्रतिक्रिया सामने आई है। मंत्री अग्निमित्रा पॉल ने कहा कि हमारी सरकार पिछली सरकार या उससे पहले की सरकारों जैसी नहीं है कि हमला हो और कोई कार्रवाई न हो। कल जो हुआ है वो जनता का रोष है। 15 साल तक ममता बनर्जी, अभिषेक बनर्जी और तृणमूल ने जो अत्याचार किया उससे लोगों में नाराजगी है।
उन्होंने आगे कहा कि वे केवल विनाशकारी राजनीति करते आए हैं। लेकिन वर्तमान सरकार का केवल एक ही लक्ष्य है, विकास, यदि अभिषेक बनर्जी या ममता बनर्जी फिर से वही हिंसात्मक राजनीति करने का प्रयास करेंगे तो ये स्वीकार्य नहीं होगा।
बता दें कि शनिवार को दक्षिण 24 परगना जिले के सोनारपुर में टीएमसी के राष्ट्रीय महासचिव और सांसद अभिषेक बनर्जी पर हमला हुआ था। उस समय वह चुनाव बाद हिंसा से प्रभावित परिवारों से मिलने पहुंचे थे। आरोप है कि उनके काफिले पर ईंट, पत्थर और अंडे फेंके गए।
घटना के बाद अभिषेक बनर्जी ने इसे बीजेपी प्रायोजित हमला बताते हुए दावा किया कि उन्हें जान से मारने की कोशिश की गई। उन्होंने कहा कि पूरी घटना कैमरे में कैद है और वह इस मामले को लेकर हाईकोर्ट तथा राज्यपाल के समक्ष शिकायत करेंगे।
हमले में अभिषेक बनर्जी की आंख में चोट लगी। उन्होंने कहा कि मेरी आंख पर ईंट मारी गई, जिससे मैं आंख नहीं खोल पा रहा हूं। अगर मैंने हेलमेट नहीं पहना होता तो मेरा सिर फट सकता था। मेरे शरीर को चोट पहुंचाई जा सकती है, लेकिन मेरे हौसले और संकल्प को नहीं तोड़ा जा सकता।