Surya Murder and Assad Encounter Case About IPS Dhawal Jaiswal: जानिए, बकरीद पर सूर्या की हत्या करने वाले असद एनकाउंटर के 'हीरो' IPS धवल जायसवाल के बारे में जिन्होंने संघर्षों के बाद सफलता हासिल की।
Surya Murder and Assad Encounter Case About IPS Dhawal Jaiswal: गाजियाबादके खोड़ा इलाके में बकरीद के दिन 11वीं के छात्र सूर्या की हत्या करने वाला मुख्य आरोपी असद शनिवार देर रात पुलिस मुठभेड़ में मारा गया। पुलिस की माने तो असद फरार होने की तैयारी में था। साथ ही इसी सिलसिले में अपने दोस्तों से पैसे लेने जा रहा था, तभी पुलिस ने उसे घेर लिया।
DCP धवल जायसवाल ने मामले को लेकर बताया कि असद पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था। पुलिस को सूचना मिली थी कि वह खोड़ा इलाके में आने वाला है। इसके बाद सभी प्रमुख मार्गों पर बैरिकेडिंग कर सघन चेकिंग अभियान शुरू किया गया।
शनिवार देर रात करीब 2 बजे वसुंधरा की ओर से बाइक पर आ रहे एक युवक को पुलिस ने रुकने का इशारा किया। आरोप है कि इसी दौरान उसने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी और भागने का प्रयास किया। पीछा करने के दौरान उसने कई राउंड फायर किए, जिसके जवाब में पुलिस को भी गोली चलानी पड़ी। बाद में घायल आरोपी की पहचान असद के रूप में हुई। अब आपको बताते हैं असद का एनकाउंटर करने वाली पुलिस टीम के मुखिया IPS धवल जायसवाल के बारे में।
धवल जायसवाल 2016 बैच के IPS अधिकारी हैं। मूल रूप से उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर जिले के रहने वाले धवल जायसवाल इस समय गाजियाबाद में DCP सिटी के पद पर तैनात हैं। इसके साथ ही उनके पास DCP ट्रांस हिंडन का अतिरिक्त प्रभार भी है।
धवल जायसवाल की जिंदगी संघर्षों से भरी रही है। महज 5 साल की उम्र में उनके सिर से पिता का साया उठ गया था। आर्थिक और पारिवारिक चुनौतियों के बीच उनकी मां का सपना था कि उनका बेटा बड़ा अधिकारी बने। मां की इसी प्रेरणा ने उन्हें लगातार आगे बढ़ने का हौसला दिया।
IPS बनने से पहले धवल जायसवाल प्रोफेसर के रूप में कार्य कर चुके हैं। हालांकि उन्होंने शिक्षण का सुरक्षित करियर छोड़कर प्रशासनिक सेवा में जाने का फैसला किया और अपने लक्ष्य को हासिल करने के लिए पूरी मेहनत से तैयारी की।
धवल जायसवाल की सफलता की कहानी युवाओं के लिए प्रेरणा है। उन्होंने किसी भी कोचिंग संस्थान का सहारा लिए बिना यूपीएससी जैसी कठिन परीक्षा पास की और भारतीय पुलिस सेवा में चयनित हुए।
IPS बनने के बाद उनकी पहली पोस्टिंग वर्ष 2018 में प्रयागराज में हुई थी। इसके बाद उन्होंने प्रदेश के विभिन्न जिलों में अपनी सेवाएं दीं और एक सख्त तथा प्रभावी पुलिस अधिकारी के रूप में पहचान बनाई।
गाजियाबाद में तैनाती के दौरान धवल जायसवाल चार प्रमुख पुलिस मुठभेड़ों में शामिल रहे हैं, जिनमें पुलिस ने छह बदमाशों को मार गिराया था। कानून-व्यवस्था को लेकर उनकी सख्त कार्यशैली की अक्सर चर्चा होती रही है।
अपने पुलिस करियर के दौरान धवल जायसवाल 150 से अधिक हाफ एनकाउंटर (पुलिस मुठभेड़ों में अपराधियों के घायल होने की घटनाओं) का हिस्सा रहे हैं। अपराध नियंत्रण और पुलिसिंग के क्षेत्र में उनका अनुभव उन्हें प्रदेश के सक्रिय आईपीएस अधिकारियों में शामिल करता है।