Twisha Sharma Case: CBI आरोपी गिरिबाला सिंह और समर्थ को उनके बंगले में वापस लेकर आई। यहां घटना की रात का सीन रिक्रिएशन कराया गया।
Twisha Sharma Case:भोपाल के चर्चित ट्विशा शर्मा मामले में सोमवार का दिन महत्वपूर्ण होने वाला है। CBI आरोपी गिरिबाला सिंह और समर्थ को उनके बंगले में वापस लेकर आई। यहां घटना की रात का सीन रिक्रिएशन कराया गया। एक तरफ जहां आरोपी 12 मई की रात के सीन को दोबारा कर रहे थे वहीं,दूसरी तरफ अब सीबीआई ने अपनी जांच का दायरा बढ़ा दिया है। जांच एजेंसी अब आरोपी समर्थ सिंह की फरारी से जुड़े अनसुलझे सवालों के जवाब को ढूंढने पर फोकस कर रही है। हालांकि, CBI ने समर्थ से जब इस पहलु को लेकर सवाल किया तो उसने कोई जवाब नहीं दिया है। सीबीआई की जांच में सामने आया है कि ट्विशा की मौत के बाद जब समर्थ फरार हुआ था तो वह तीन दिन तक भोपाल के किसी इलाके में ठहरा हुआ था फिर इसके बाद वह जबलपुर गया था।
सूत्रों के अनुसार, सीबीआई अब इस बात गौर कर ही है कि फरारी के समय समर्थ को फरार करने में किसने मदद, फरारी के समय भोपाल- इंदौर में उसको किसने पनाह दी थी और वह इतने दिनों तक कैसे छिपा रहा। इसके साथ सीबीआई समर्थ द्वारा बताए गए कुछ चिकित्सा संबंधी दावों और उस अवधि के घटनाक्रम की भी जांच की जा रही है।
सूत्रों के अनुसार, जब सीबीआई ने पूछताछ में समर्थ से फरारी से जुड़े सवालों के जवाब मांगे तो उसने उनके कोई भी जवाब नहीं दिए। समर्थ द्वारा जानकारी नहीं मिलने के बाद अब एजेंसी उसके कॉन्टेक्ट्स, ट्रैवल डिटेल और संभावित मददगारों की पहचान इकठ्ठा करने पर जुट गई है। सीबीआई को अगर इस पहलु की जांच में कोई भी सुराग मिलता है तो वह पूरे मामले की गुथी को सुलझाने में महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।
सीबीआई को आरक्षक राघवेंद्र सिंह पटेल से 34 मिनट का एक वीडियो मिला है। इसकी वीडियोग्राफी खुद आरक्षक ने की है जिसे सीबीआई ने सबसे महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य के रूप में जब्त किया है। वीडियो में घटना के बाद आरोपी सास और पूर्व जज गिरिबाला सिंह के घर का ताला खुलने से लेकर घटनास्थल सील होने तक का पूरा सीन रिकॉर्ड है। इस वीडियो से सीबीआई को ये समझने में मदद मिली कि ट्विशा की मौत के तुरंत बाद घर या क्राइम सीन की स्थिति को बिलकुल वैसा समझने में मदद मिली जैसा वह वास्तव या यथार्थ में था। इसमें साक्ष्यों के साथ किसी भी तरह की छेड़छाड़ की गुंजाइश नहीं बची।