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वाराणसी, May 30, 2026

वाराणसी का यूपी कॉलेज प्रदेश में टॉप, जिले को मिला 8वां रैंक, प्रमाण पोर्टल की रैकिंग जारी

Varanasi UP college news: शिक्षा विभाग द्वारा जारी कैंपस संस्कृति के विकास के लिए जरूरी 44 मनको पर आधारित प्रमाण पोर्टल की रैंकिंग शुक्रवार की देर रात जारी कर दी गई है...

Up college

फाइल फोटो, pc-Patrika

Campus news: शिक्षा विभाग द्वारा जारी कैंपस संस्कृति के विकास के लिए जरूरी 44 मनको पर आधारित प्रमाण पोर्टल की रैंकिंग शुक्रवार की देर रात जारी कर दी गई है। इस रैंकिंग में वाराणसी के उदय प्रताप कॉलेज (यूपी कॉलेज) को पहला स्थान मिला है, जबकि पूरे प्रदेश में वाराणसी को 8वां स्थान दिया गया है। एकेडमिक, टाइम टेबल, स्कॉलरशिप, सोशल मीडिया इंगेजमेंट, समय से परीक्षा का परिणाम और ग्रीन कैंपस के चलते उदय प्रताप कॉलेज को तीसरी बार ऐसा हुआ है कि प्रथम स्थान दिया गया है।

प्रदेश में औसत स्कोर 33.59

उदय प्रताप कॉलेज को प्रथम रैंकिंग मिलने पर महाविद्यालय में जश्न का माहौल है। हालांकि प्लेसमेंट, रिसर्च प्रोजेक्ट, पेटेंट इंडस्ट्री, एकेडमिक्स सहयोग और वर्चुअल लैब जैसे क्षेत्र में यह प्रदेश के कई महाविद्यालयों से पीछे है। उत्तर प्रदेश स्टेट डाटा सेंटर ने शुक्रवार की देर रात यह रैंकिंग जारी की है। रैंकिंग के अनुसार पूरे प्रदेश में औसत स्कोर 33.59 है, जिससे पता चलता है कि अभी भी कई ऐसे महाविद्यालय हैं जो खस्ताहाल में हैं और उन्हें इसमें सुधार करने की आवश्यकता है। पूरे प्रदेश में अगर रैंकिंग की बात करें तो बनारस 8वें स्थान पर है, जबकि लखनऊ, अलीगढ़, मिर्जापुर, मेरठ, चित्रकूट, कानपुर और गोरखपुर बनारस से ऊपर हैं।

76.33 अंक के साथ टॉप पर यूपी कॉलेज

बनारस के यूपी कॉलेज को 76.33 अंक मिले हैं, जिससे वह पहले पायदान पर बना हुआ है। गोरखपुर का दिग्विजय नाथ पीजी कॉलेज इस सूची में दूसरे स्थान पर है, जिसे 73.40 अंक प्राप्त हुए हैं। जबकि कानपुर का पीपीएन कॉलेज 67.88 अंक के साथ तीसरे स्थान पर है। वहीं, मेरठ का इस्माइल नेशनल महिला पीजी कॉलेज चौथे स्थान पर है और 66.62 अंक मिले हैं। पांचवें स्थान पर अलीगढ़ के धर्म समाज कॉलेज को रखा गया है, जिसे 63.16 अंक प्राप्त हुए हैं।

प्राचार्य ने जताई खुशी

उदय प्रताप कॉलेज को प्रथम स्थान मिलने पर प्राचार्य प्रोफेसर धर्मेंद्र कुमार सिंह ने खुशी जताई है। उन्होंने कहा है कि इस उपलब्धि का श्रेय संस्थान के शिक्षकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों को जाता है। उन्होंने बताया है कि महाविद्यालय परिसर में जो भी कमियां हैं, उन्हें जल्द से जल्द दुरुस्त किया जाएगा और उम्मीद है कि अगली रैंकिंग में इसमें सुधार होगा। प्रोफेसर सिंह ने बताया कि महाविद्यालय प्लेसमेंट के क्षेत्र में भी नए-नए काम कर रहा है।

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