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डीजे-टेंट संचालकों के लिए सख्त नियम, कमिश्नरी सिस्टम के तहत लेनी होगी अनुमति, आदेश जारी होते ही मचा हड़कंप

CG News: डीसीपी गुप्ता ने सभी संचालकों को यह निर्देशित किया कि वे न्यायालय द्वारा जारी दिशा-निर्देशों, ध्वनि नियंत्रण नियमों एवं प्रतिबंधात्मक प्रावधानों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करें।

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डीजे ( Photo - Patrika )

डीजे ( Photo - Patrika )

CG News: राजधानी में कमिश्नरी सिस्टम के तहत डीजे और टेंट संचालकों को अनुमति दी जाएगी। पुलिस ने डीजे-टेंट संचालकों के साथ मंगलवार को बैठक कर दिशा-निर्देश दिए। डीसीपी सेंट्रल जोन उमेश प्रसाद गुप्ता की अध्यक्षता में एसीपी कोतवाली और एसीपी सिविल लाइंस डिवीजन क्षेत्र के डीजे संचालकों, साउंड सिस्टम संचालकों, धुमाल पार्टी संचालकों एवं टेंट से जुड़े व्यवसायियों को नई प्रक्रिया अपनाने की बात कही गई।

बैठक में स्पष्ट किया गया कि किसी भी प्रकार के कार्यक्रम, आयोजन, रैली, जुलूस, धार्मिक अथवा सामाजिक आयोजन के लिए पुलिस प्रशासन से पूर्व वैध लिखित अनुमति प्राप्त करना अनिवार्य है।

CG News: अब नए नियमों के तहत करना होगा काम

डीसीपी गुप्ता ने सभी संचालकों को यह निर्देशित किया कि वे न्यायालय द्वारा जारी दिशा-निर्देशों, ध्वनि नियंत्रण नियमों एवं प्रतिबंधात्मक प्रावधानों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करें। बैठक के दौरान यह भी स्पष्ट किया गया कि किसी भी आयोजन में अनुमति पत्र का सत्यापन करना संबंधित संचालक की स्वयं की जिम्मेदारी होगी, मौखिक अनुमति स्वीकार्य नहीं होगी।

डीजे एवं साउंड सिस्टम का संचालन केवल अनुमति पत्र में अंकित समयावधि के भीतर ही किया जाए तथा रात्रिकालीन समय में डीजे संचालन केवल न्यायालय व प्रशासन के अनुमत परिस्थितियों में ही संभव होगा। अस्पताल, स्कूल, न्यायालय, परीक्षा केंद्र एवं अन्य संवेदनशील क्षेत्रों के आसपास तेज ध्वनि का उपयोग पूर्णत: प्रतिबंधित रहेगा।

इसके अतिरिक्त टेंट, पंडाल, साउंड सिस्टम अथवा लाइटिंग ऐसी स्थिति में नहीं लगाई जाए जिससे सार्वजनिक सड़क, फुटपाथ, आपातकालीन मार्ग अथवा आमजन की आवाजाही बाधित हो। बिना अनुमति आयोजित कार्यक्रमों में सामग्री उपलब्ध कराए जाने की स्थिति में कानून-व्यवस्था बिगड़ने हेतु संबंधित संचालक को भी जिम्मेदार माना जाएगा।