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80 घंटे में डिप्टी सीएम…अजित पवार की मौत के बाद महाराष्ट्र में बदले सियासी समीकरण, महायुति की नई रणनीति

Maharashtra Deputy CM: अजित पवार के निधन के करीब 80 घंटे बाद उनकी पत्नी सुनेत्रा पवार डिप्टी सीएम पद की शपथ लेने जा रही हैं। उनके इस कदम से एनसीपी के विलय की अटकलों पर विराम लग गया है।

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पुणे

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Imran Ansari

Jan 31, 2026

80 hours after Ajit Pawar death Sunetra Pawar Maharashtra Deputy CM

Maharashtra Deputy CM: अजित पवार की मौत के लगभग 80 घंटे बाद उनकी पत्नी सुनेत्रा पवार महाराष्ट्र डिप्टी सीएम का पद संभालने जा रही हैं। एनसीपी के विलय को लेकर चल रही सभी चर्चाओं पर अब विराम लग जाएगा। बताया जा रहा है कि वे देवेंद्र फडणवीस कैबिनेट में बतौर डिप्टी सीएम शामिल होने के लिए तैयार हो गई हैं और आज शाम 5 बजे उन्हें उपमुख्यमंत्री पद की शपथ दिलाई जाएगी।

आपको बता दें कि इस फैसले से शरद पवार नाराज बताए जा रहे हैं, क्योंकि अजित पवार के निधन के बाद यह चर्चा तेज हो गई थी कि दोनों एनसीपी फिर से एक होने वाली हैं। दोनों पार्टियों के विलय को लेकर दावा किया जा रहा था कि पिछले चार महीनों से बातचीत चल रही थी। अजित पवार ने दोनों पार्टियों को एक करने की तारीख 12 फरवरी तय की थी, लेकिन इस तारीख से पहले उनकी अचानक मौत हो गई और विलय की प्रक्रिया पर विराम लग गया।

महायुति ने चल दिया दांव

अजित पवार के जाने के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में दो चर्चाएं तेज थीं एक, दोनों एनसीपी के विलय की, और दूसरी, अजित पवार की पत्नी को डिप्टी सीएम बनाए जाने की। राज्य में एक ओर शोक का माहौल था, तो दूसरी ओर पर्दे के पीछे सियासी पटकथा भी लिखी जा रही थी। यही वजह है कि ‘दादा’ के जाने के महज 80 घंटे के भीतर उनकी पत्नी को डिप्टी सीएम पद संभालने के लिए तैयार कर लिया गया। वहीं, सुनेत्रा पवार के इस त्वरित फैसले से शरद पवार खफा बताए जा रहे हैं। उनका कहना है कि फैसले मुंबई से लिए जा रहे हैं और उनसे किसी भी मामले में राय नहीं ली गई।

NCP एक होती तो क्या होता?

सियासी पंडितों का कहना है कि अगर दोनों एनसीपी पार्टियों का विलय होता, तो सत्ता के लिहाज से महायुति को कोई बड़ा नुकसान नहीं होता, लेकिन महाराष्ट्र की राजनीति में एक नई ताकत जरूर उभर जाती। महायुति को अंदेशा था कि दोनों एनसीपी के एक होने से शरद पवार का कद फिर से बढ़ता और पार्टी पर उनका ही नियंत्रण होता।

शपथ ग्रहण में कौन होगा शामिल?

शाम 5 बजे होने वाले कार्यक्रम को लेकर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और कैबिनेट के कई मंत्रियों के शामिल होने की संभावना है। वहीं, सुप्रिया सुले और शरद पवार जैसे पवार परिवार के अन्य सदस्यों के पहुंचने की उम्मीद कम है। शरद पवार ने स्पष्ट किया है कि उनकी और सुनेत्रा की पार्टी अलग-अलग हैं, इसलिए उनसे कोई राय नहीं ली गई। अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि सुनेत्रा पवार सरकार में कैसी भूमिका निभाती हैं।

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