24 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अब पढ़ाई वही जो जॉब दिलाए : डीएवीवी में नए सत्र से होंगे बड़े अकादमिक बदलाव

DAVV Indore : कुछ विभाग होंगे स्वतंत्र तो कुछ का होगा विलय, ज्यादा डिमांड वाले पाठ्यक्रम का होगा विस्तार

2 min read
Google source verification
davv

इंदौर. डीएवीवी में नए शैक्षणिक सत्र से पढ़ाई का ढांचा बदलने जा रहा है। विवि प्रबंधन अब ऐसे पाठ्यक्रमों पर फोकस कर रहा है जो विद्यार्थियों के लिए ज्यादा उपयोगी हों और जिनसे कॅरियर के बेहतर अवसर मिल सकें। इसी दिशा में कुछ विषयों को स्वतंत्र विभाग का दर्जा दिया जाएगा, जबकि कम मांग वाले कुछ विभागों का विलय किया जाएगा।विवि में लंबे समय से यह देखने में आ रहा है कि कुछ कोर्स विद्यार्थियों के लिए जटिल हैं और उनसे जुड़ी अकादमिक गतिविधियां बिखरी हुई हैं। इसे ध्यान में रखते हुए हिस्ट्री, जियोग्राफी, पॉलिटिकल साइंस और साइकोलॉजी जैसे विषयों को अब अलग पहचान देने की तैयारी है। इन विषयों के लिए स्वतंत्र विभाग बनाए जाने पर विवि विचार कर रहा है, ताकि पढ़ाई और शोध दोनों को विस्तार मिल सके।

कोर्स की संरचना बदलेगी, शोध को मिलेगा बढ़ावानए विभाग बनने के बाद इन विषयों में पाठ्यक्रमों की संरचना को सरल और व्यावहारिक बनाया जाएगा। विद्यार्थियों को विषय की गहराई समझाने के साथ रिसर्च, प्रोजेक्ट और फील्ड वर्क पर ज्यादा जोर दिया जाएगा। विवि का मानना है कि अलग विभाग बनने से फैकल्टी की संख्या, संसाधन और अकादमिक गतिविधियों में भी बढ़ोतरी होगी।

कम डिमांड वाले विभागों का होगा विलय

दूसरी ओर, विवि में कुछ ऐसे विभाग भी हैं, जहां विद्यार्थियों की संख्या लगातार कम हो रही है और कॅरियर की संभावनाएं सीमित हैं। ऐसे विभागों को मर्ज करने की योजना बनाई है। इनके पाठ्यक्रमों को उन विषयों से जोड़ा जाएगा, जिनकी मांग ज्यादा है और जिनसे रोजगार के बेहतर विकल्प मिलते हैं।

विश्वविद्यालय अब उन कोर्स का विस्तार करेगा, जिनमें विद्यार्थियों की रुचि लगातार बढ़ रही है। इन कोर्स को इंडस्ट्री की जरूरतों और वर्तमान शैक्षणिक ट्रेंड के अनुसार अपडेट किया जाएगा, ताकि पढ़ाई पूरी करने के बाद विद्यार्थियों को नौकरी या उच्च अध्ययन के ज्यादा अवसर मिल सकें।

  • प्रो. राकेश सिंघई, कुलगुरु