
Delhi SWAT commando murder:दिल्ली पुलिस की SWAT कमांडो काजल चौधरी की उसके पति ने सिर पर डंबल से वार कर हत्या कर दी। जिस कमांडो ऑफिसर को आतंकवादियों से लड़ने के लिए खास ट्रेनिंग दी जाती है, वही कमांडो अपने ही घर में अपने खिलाफ हुए जुल्म को नहीं सह पाई। जानकारी के अनुसार, वह 27 साल की थी और चार महीने की गर्भवती भी थी। दहेज के चक्कर में एक महिला की मौत समाज में रमी हुई रूढ़िवादी सोच को दिखाती है। काजल के परिवार ने खुलासा करते हुए बताया कि दहेज के चलते उनकी बेटी की जान ले ली गई है।
काजल ने अंकुर के साथ 2023 में लव मैरिज की थी। अंकुर रक्षा मंत्रालय में क्लर्क के पद पर काम करता है। परिजनों के अनुसार, शादी में काजल के परिवार वालों की तरफ से हैसियत से बढ़कर बुलेट बाइक, सोने के गहने और खूब सारे पैसे दिए, लेकिन फिर भी ससुराल वालों की मांगें खत्म नहीं हुईं। काजल के पिता ने बताया कि शादी के बाद उसे ताने दिए जाते थे कि अगर किसी और लड़की से अंकुर की शादी होती तो उन्हें गाड़ी मिल जाती। तानों की वजह से बाद में काजल ने कार भी दिलवाई, फिर भी उसके साथ मारपीट की गई और उन्हें परेशान किया गया।
जानकारी के अनुसार लगभग 20 लाख रुपये खर्च किए और कर्ज भी लिया, लेकिन इसके बाद भी उनकी बेटी को सिर्फ अपमान और दर्द ही मिला। काजल की मां ने रोते हुए कहा कि अंकुर बहुत निर्दयी है और उसने मेरी बेटी से पांच लाख रुपये भी लिए थे। काजल की मां ने गुहार लगाते हुए कहा कि उनकी बेटी ने बहुत कुछ सहा है, अब उन्हें बस इंसाफ चाहिए।
काजल के भाई ने बताया कि जब अंकुर ने काजल के सिर पर डंबल से वार किया था, उस समय वह फोन पर अपनी बहन काजल से बात कर रहा था। उन्होंने कहा कि 22 जनवरी की रात को वह कभी भुला नहीं पाएंगे। निखिल ने बताया कि उसे कॉल पर झगड़े की आवाज आ रही थी। इतने में ही अचानक से अंकुर ने फोन छीन लिया और निखिल से कहा, 'अपनी बहन को समझा ले।' उसके बाद अंकुर ने निखिल से कहा कि 'इस कॉल को रिकॉर्ड कर ले, पुलिस के लिए सबूत बनेगा। मैं तेरी बहन को मार रहा हूं। पुलिस मेरा कुछ नहीं बिगाड़ पाएगी।' और इसके तुरंत बाद निखिल को फोन पर काजल की चीखें सुनाई दी। दूर होने की वजह से वह कुछ नहीं कर पाया और उसके बाद कॉल बीच में ही कट गया। उसके पांच मिनट बाद उसने निखिल को फिर से कॉल किया और अस्पताल आने को कहा।
काजल को गाजियाबाद के एक हॉस्पिटल में भर्ती करवाया गया। काजल के पति ने उसके सिर पर इतनी तेज वार किया कि डॉक्टरों की कोशिशों के बावजूद वे उसे नहीं बचा पाए। पांच दिन तक तड़पने के बाद 27 जनवरी की सुबह उनकी मौत हो गई। पुलिस ने 22 जनवरी को ही अंकुर को गिरफ्तार कर लिया था। अब उसके खिलाफ केस अब हत्या और दहेज उत्पीड़न का दर्ज हो चुका है।
काजल चौधरी हरियाणा के गनौर की रहने वाली थीं और दिल्ली पुलिस की SWAT कमांडो थीं। पुलिस में जाने की प्रेरणा उन्हें अपनी मां मीना से मिली थी। उनकी मां अपना सपना पूरा नहीं कर पाई थीं, लेकिन वह चाहती थीं कि उनकी बेटी वर्दी पहने। काजल ने नवोदय विद्यालय से पढ़ाई की, फिर बीएससी की डिग्री ली और 2022 में दिल्ली पुलिस जॉइन की। बाद में वह ऑल-वुमन SWAT टीम का हिस्सा बनीं। काजल के भाई निखिल भी दिल्ली पुलिस में हैं।
Published on:
30 Jan 2026 06:04 pm

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