भारत, Jun 01, 2026

अन्नामलाई की BJP छोड़ने की अटकलें तेज (X)
Annamalai New Political Party: भारतीय जनता पार्टी (BJP) की तमिलनाडु इकाई में बड़े बदलाव के संकेत मिल रहे हैं। पार्टी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष के अन्नामलाई भाजपा से अलग होकर नई राजनीतिक पार्टी बनाने की तैयारी में हैं। सूत्रों का मानना है कि अन्नामलाई जल्द ही इसकी ऑफिशियल घोषणा कर सकते हैं, हालांकि उन्होंने अभी तक इन अटकलों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।
रिपोर्ट के अनुसार, अन्नामलाई के समर्थक सोशल मीडिया पर सक्रिय हो गए हैं। वे नए दल के संभावित नामों और झंडे के डिजाइन शेयर कर रहे हैं, जो इन अटकलों को और हवा दे रहा है। दिलचस्प बात यह है कि ये चर्चाएं उसी समय हो रही हैं, जब पार्टी के अंदर अन्नामलाई को केंद्रीय स्तर पर महत्वपूर्ण भूमिका दिए जाने की खबरें भी आ रही थीं।
बीजेपी नेता अन्नामलाई पर डीएमके नेता टीकेएस एलंगोवन की प्रतिक्रिया सामने आई है। मीडिया से बात करते हुए एलंगोवन कहते हैं, यह एक मजेदार बात है कि वह नई पार्टी बनाने के लिए बीजेपी से अनुमति मांग रहे हैं, वह पहले से ही बीजेपी कार्यकर्ता हैं… मैं कह सकता हूं कि बीजेपी में कुछ भी हो सकता है। मुझे नहीं लगता कि अन्नामलाई पार्टी छोड़ेंगे, क्योंकि पार्टी चलाना आसान नहीं है। वह विजय जैसे अभिनेता नहीं हैं। आइए इंतजार करें और देखें कि क्या होता है।
भाजपा नेता के. अन्नामलाई द्वारा नई पार्टी लॉन्च करने की मीडिया अटकलों पर तमिलनाडु के मंत्री सी.टी. निर्मलकुमार ने कहा, मुझे इस बारे में कोई जानकारी नहीं है। तमिलनाडु में कोई भी अपनी पार्टी बना सकता है।
अन्नामलाई हाल ही में तीन भाषा नीति को लेकर केंद्र सरकार से अलग रुख अपनाते नजर आए थे। मई महीने में उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय से कक्षा 9 के छात्रों के लिए तीन भाषाओं को अनिवार्य बनाने वाली अधिसूचना को वापस लेने का आग्रह किया था।
उन्होंने मंत्रालय से कहा था कि वह 2029-30 शैक्षणिक सत्र से तीन भाषा फॉर्मूला (जिसमें दो भारतीय भाषाएं हों) लागू करने की अपनी मूल प्रतिबद्धता पर कायम रहे। CBSE ने 15 मई 2026 को जारी अधिसूचना में इसे वर्तमान सत्र से ही लागू करने की घोषणा की थी, जो पहले तय समय से काफी पहले है। अन्नामलाई ने अप्रैल 2026 में कक्षा 6 से तीन भाषाएं लागू करने के फैसले का स्वागत किया था।
सूत्रों का कहना है कि अन्नामलाई BJP के AIADMK के साथ गठबंधन से भी नाराज थे। इसके बावजूद तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में उन्होंने NDA के लिए खुलकर प्रचार किया। कुछ समय पहले उन्हें प्रदेश अध्यक्ष पद से हटा दिया गया था और नैनार नागेंद्रन को यह जिम्मेदारी सौंपी गई थी। हाल के विधानसभा चुनाव में BJP खासा प्रदर्शन नहीं कर सकी, जिसके बाद पार्टी के अंदर असंतोष बढ़ा है। अन्नामलाई को मुख्यमंत्री एमके स्टालिन (DMK) की सरकार के प्रमुख आलोचकों में गिना जाता है।
के अन्नामलाई तमिलनाडु BJP के प्रभावशाली चेहरे रहे हैं। आईपीएस अधिकारी के रूप में करियर के बाद उन्होंने राजनीति में कदम रखा और तेजी से पार्टी में ऊंची पोजीशन हासिल की। अपनी सीधे-सीधे बोलने की शैली और आक्रामक अंदाज के लिए वे चर्चा में रहते हैं।
करूर के किसान परिवार से निकले अन्नामलाई आईआईटी-आईआईएम पढ़कर आईपीएस बने। 2019 में पुलिस से इस्तीफा देकर भाजपा में शामिल हुए और मात्र दो साल में तमिलनाडु भाजपा के सबसे युवा अध्यक्ष बन गए। साफ-सुथरी छवि, आक्रामक अंदाज और हिंदुत्व की मजबूत वकालत के साथ उन्होंने तमिलनाडु में भाजपा को नई पहचान दिलाने की कोशिश की।
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Published on: 01 Jun 2026 04:12 pm

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