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इंदौर एयरपोर्ट के रनवे पर नजर आया ‘सियार’, अथॉरिटी ने DGCA से लगाई मदद की गुहार

MP News: मध्यप्रदेश के देवी अहिल्या बाई होल्कर एयरपोर्ट पर सियार नजर आया है। जिसके चलते एयरपोर्ट अथॉरिटी ने डीजीसीए को तलब किया है।

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indore airport

एआई जनरेटेड

MP News: मध्यप्रदेश के इंदौर में स्थित देवी अहिल्या बाई होल्कर एयरपोर्ट पर पर यात्रियों की सुरक्षा को लेकर बड़ा खतरा पैदा हो रहा है। इंदौर एयरपोर्ट के रनवे और एयरसाइड एरिया में सियार की मौजूदगी दर्ज की गई है, जिससे टेक-ऑफ और लैंडिंग के दौरान किसी भी दिन बड़ी मुसीबत खड़ी कर सकती है। हाल ही में डीजीसीए के निरीक्षण के दौरान यह गंभीर चूक सामने आने पर एयरपोर्ट अथॉरिटी ने जिला प्रशासन से समस्या को हल करने के लिए मदद की गुहार लगाई।

अहमदाबाद और महाराष्ट्र में हो चुके हैं हादसे

हाल ही में हवाई हादसे में महाराष्ट्र के कद्दावर नेता और उपमुख्यमंत्री अजित पवार सहित पांच लोगों की मौत हो गई थी। ऑफ करने के कुछ देर बार क्रैश हो गया। इससे पहले अहमदाबाद में भी प्लेन टेक था जिसमें सवार 241 लोगों की मौत हो चुकी है। ऐसी घटनाओं के बाद एयरपोर्ट अथॉरिटी खासी सतर्क हो गई है। उन बिंदुओं पर ध्यान रखा जा रहा है जो किसी हादसे का कारण हो सकते है। ऐसी ही न स्थिति इंदौर के एयरपोर्ट पर भी बनने की आशंका है। इसको लेकर एयरपोर्ट अथॉरिटी के डायरेक्टर सुनील मग्गीरवार ने जिला प्रशासन को एक पत्र लिखा है।

डीजीसीए को पत्र लिखा

एयरपोर्ट अथॉरिटी के डायरेक्टर सुनील मग्गीरवार ने एक पत्र लिखा है जिसमें 17 और 19 दिसंबर को नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) के सर्विलांस निरीक्षण का उल्लेख किया गया। उनका कहना है कि दौरे के दौरान विमानतल के संवेदनशील प्रचलन एरिया में ट्रैक्सीवे एफ और रनवे पर दो सियार देखे गए। विमानों के टेक-ऑफ और लैंडिंग के समय रनवे या प्रचालन क्षेत्र में किसी भी वन्यजीव की मौजूदगी विमान की सेफ्टी के लिए एक अत्यंत गंभीर खतरा है, जिससे बडी दुर्घटना होने की संभावना बनी रहती है।

पहले भी कई बार की जा चुकी है शिकायत

डायरेक्टर का कहना है कि ये समस्या लंबे समय से बनी हुई है। पूर्व भी डीजीसीए ने वर्ष 2019 और 2022 के निरीक्षण में भी इसी प्रकार की गंभीर टिप्पणियां और चिताएं व्यक्त की गई थी। एयरपोर्ट अथॉरिटी ने अपने स्तर पर प्रयास किए थे लेकिन नियंत्रण नहीं हो पाया। मामले की गंभीरता को देखते हुए संबंधित विभागों (वन विभाग एवं स्थानीय प्रशासन) को प्रभावी कदम उठाने के निर्देश दिए जाए ताकि एयरपोर्ट परिसर से वन्यजीवों के प्रवेश पर रोक लगाई जा सके।