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UP की नाबालिग दुल्हन की राजस्थान में हो रही थी शादी, अचानक पहुंची पुलिस तो दूल्हे पक्ष न लगाए ये गंभीर आरोप

Up Minor Girl Married In Rajasthan: उत्तर प्रदेश की एक नाबालिग लड़की की शादी राजस्थान के भरतपुर में होने वाली थी, लेकिन ऐन वक्त पर पुलिस के पहुंचने से पूरा मामला पलट गया।

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Child Marriage

बाल विवाह का फोटो: पत्रिका

Child Marriage In Rajasthan: बाल विवाह के खिलाफ प्रशासन ने सख्ती दिखाते हुए गुरुवार शाम को एक नाबालिग लड़की की शादी ऐन वक्त पर रुकवा दी। मैरिज होम में शादी की सभी तैयारियां पूरी हो चुकी थीं, बारातियों और मेहमानों के लिए खाना भी बन गया था, लेकिन दस्तावेजों में लड़की की उम्र 16 वर्ष पाए जाने पर अधिकारियों ने विवाह रुकवा दिया।

जानकारी के अनुसार मुस्कान पुत्री वीरेन्द्र कश्यप निवासी घरसौली आगरा उत्तर प्रदेश की शादी भरतपुर शहर के गोपालगढ़ निवासी अरुण कश्यप पुत्र महेश कश्यप के साथ तय हुई थी। शादी का कार्यक्रम शहर के मिलन गार्डन मैरिज होम में रखा गया था। इसी बीच उत्तर प्रदेश पुलिस को इस विवाह में लड़की के नाबालिग होने की जानकारी मिली।

सूचना मिलने पर पुलिस ने भरतपुर प्रशासन को अवगत कराया। इसके बाद गुरुवार शाम को मथुरा गेट थाना पुलिस, एसडीएम भारती गुप्ता, तहसीलदार अजय पारीक और पटवारी मोहन शर्मा मौके पर पहुंचे और दस्तावेजों की जांच की। जांच में लड़की की उम्र 16 वर्ष सामने आई। इसके चलते अधिकारियों ने बाल विवाह निषेध कानून के तहत शादी रुकवा दी। हालांकि शादी रुकने तक लड़की मैरिज होम नहीं पहुंची थी, लेकिन विवाह की अन्य तैयारियां पूरी हो चुकी थीं। जैसे ही शादी रुकने की सूचना मिली, मैरिज होम में माहौल अचानक बदल गया और वहां सन्नाटा पसर गया।

दूसरी लड़की से शादी का रखा गया प्रस्ताव

शादी रुकने के बाद लड़की पक्ष की ओर से रिश्तेदारी की एक अन्य लड़की से शादी कराने का प्रस्ताव रखा गया, ताकि कार्यक्रम में हुआ खर्च बचाया जा सके। बताया जा रहा है कि जिस दूसरी लड़की का प्रस्ताव रखा गया, उसकी उम्र करीब 30 वर्ष थी। हालांकि लड़का पक्ष ने यह प्रस्ताव ठुकरा दिया।

उनका आरोप था कि लड़की पक्ष ने शुरुआत से ही लड़की की असली उम्र छिपाकर उनके साथ विश्वासघात किया है। इसी दौरान दोनों पक्षों के बीच शादी की तैयारियों में हुए खर्च को लेकर भी आरोप-प्रत्यारोप का दौर चलता रहा। लड़की पक्ष का कहना था कि भले ही दस्तावेजों में लड़की की उम्र 16 वर्ष दर्ज है, लेकिन वास्तविक उम्र करीब 20 वर्ष है।

वहीं प्रशासन ने दस्तावेजों को ही मान्य मानते हुए बाल विवाह की आशंका के चलते शादी को रद्द कर दिया और लड़का पक्ष को थाने ले जाकर आगे की कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की।