बारां, May 21, 2026

कृषि उपज मंडी के नीलामी स्थल पर रखे लहसुन के कट्टे। फोटो पत्रिका
Garlic Bumper Arrival In Baran Mandi: इन दिनो बारां की कृषि उपज मंडी में लहसुन की अच्छी आवक होने कारण बुधवार को आधा दर्जन सेड फुल हो गए। जिसके चलते मंडी प्रशासन ने बुधवार को पुन: लहसुन की आवक पर रोक लगा दी है। मंडी में करीब 50 हजार कट्टे लहसुन नीलामी के इंतजार में पड़ा हुआ है। मंडी में लगातार हो रही लहसुन की आवक तथा प्रतिदिन 7 से 8 हजार कट्टो की नीलामी के चलते आधा दर्जन सेड फुल हो गए। जिसमें सत्यमं शिवम सेड, एक, चार तथा छह नम्बर सेड के साथ ही आरसीसी सेड लबालब हो गए।
मंडी सचिव हरिमोहन बैरवा ने बताया कि माल की अधिक आवक तथा नीलामी व उठाव में अन्तर के चलते मंडी के 6 सेड फुल हो जाने के कारण आगामी आदेश तक लहसुन के प्रवेश आवक पर रोक लगा दी गई है। इससे पूर्व शुक्रवार की शाम को रोक लगाई गई थी, तब चार सेड फुल थे।
लहसुन व्यापार संघ के महामंत्री हरीश विजयवर्गीय ने बताया कि मंडी में बुधवार को लहसुन उच्च्तम 19 हजार 500 रुपए से लेकर न्यूनतम 4 हजार 500 रुपए प्रति क्विंटल तक के भाव से बिका। उन्होंने बताया कि प्रतिदिन करीब 8 से 9 हजार कट्टो की नीलामी की जा रही है। लेकिन माल का फ्लो बना होने के कारण सेड फुल हुए है। अब आगे सोमवार तक ही आवक खुलने की उम्मीद है।
बारां जिले के छीपाबड़ौद कस्बे की विशिष्ठ लहसुन मंडी में तोल में गड़बड़ के विरोध में जिला कलक्टर के नाम उपखण्ड अधिकारी को ज्ञापन सौंपा है। बताया गया कि छीपाबड़ौद लहसुन मंडी में प्रतिदिन लगभग 15 हजार कट्टे लहसुन की आवक हो रही है और व्यापारियों द्वारा अपनी मनमर्जी से जबरन किसान के लहसुन में से 300 ग्राम लहसुन प्रति कट्टे पर अधिक लिया जा रहा है जिसका कोई हिसाब नहीं है।
प्रतिदिन 300 ग्राम प्रति कट्टे के हिसाब से 15 हजार कट्टे का 45 क्विंटल लहसुन व्यापारियों द्वारा जबरन लिया जा रहा है। इस विषय में पहले भी कृषि मंडी के अधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है लेकिन हालात जस के तस हैं। इस दौरान सहकारी समिति अजनावर के अध्यक्ष मनोज जारवाल, मूलचंद शर्मा, सत्यनारायण माथोड़िया, मुकेश शुक्ला, बृजराज बोरखेड़ी, नफीस अहमद कुरेशी, शेरा गौड़ आदि उपस्थित रहे।
Updated on: 21 May 2026 02:09 pm


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