
बालोद जिला मुख्यालय मेंं नेशनल हाइवे के किनारे अवैध कब्जों पर राजस्व प्रशासन व नेशनल हाइवे विभाग ने बुलडोजर चला दिया। झलमला से लेकर पर्यावरण पार्क तक लगभग 97 कब्जे हटाए गए। शहर के अंदर से भी कब्जे हटाए गए। अभियान के दौरान किसी की नहीं चली। नेता हो या पहुंच वाला सबके कब्जे हटाए गए। नगर मेंं पहली बार इस तरह अभियान चलाया गया। हालांकि कब्जाधारियों ने राजस्व प्रशासन व नेशनल हाइवे विभाग के अधिकारियों को खरी-खोटी सुनाई और कार्रवाई का विरोध किया। एसडीएम व नेशनल हाइवे एसडीओ ने बताया कि शासकीय जमीन पर कब्जा है और कब्जा हटेगा। कब्जा खुद से नहीं हटाया, इसलिए कार्रवाई की गई।
तीन माह से ही अतिक्रमण हटाने नोटिस जारी करने की प्रक्रिया चल रही थी। नोटिस के बाद भी कब्जा नहीं हटाया जा रहा था। बीते माह दोबारा निर्देश जारी किया गया कि हर हाल मेंं अवैध कब्जा हटा लें, नहीं तो कार्रवाई की जाएगी।
जिले मेंं एसडीएम नूतन कंवर व नेशनल हाइवे विभाग के एसडीओ अनिल छारी के पदस्थ होने के बाद अतिक्रमण पर कार्रवाई की योजना मेंं तेजी आई है। पहले अतिक्रमण हटाने की योजना बनती थी, लेकिन कार्रवाई सुस्त थी। अब तो तत्काल योजना बनाकर सभी की सहमति लेकर कार्रवाई की जा रही है।
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अवैध कब्जा हटाने मेंं राजस्व, नेशनल हाइवे विभाग व पुलिस विभाग की टीम सक्रिय रही। वाद विवाद की स्थिति न हो, इसलिए प्रशासन ने पुलिस की मदद ली। बड़ी संख्या मेंं पुलिस बल तैनात रहा। कुछ जगहों पर विवाद छोड़ बाकी जगहों पर शांतिपूर्ण तरीके से अवैध कब्जा हटाए गए।
नगर पालिका बालोद के पूर्व पार्षद व व्यापारी राजू पटेल ने कहा कि कार्रवाई कर रहे हैं तो बराबर कार्रवाई करें। जिनका कब्जा हैं, सबका हटाओ और नहीं हटाना हैं तो किसी का न हटाओ। विवाद की स्थिति न बनाएं। भाजपा मंडल अध्यक्ष अमित चोपड़ा ने कहा कि कार्रवाई सभी पर बराबर करें। किसी ने कब्जा किया है और उसे नहीं हटाना गलत है।
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नेशनल हाइवे विभाग के अलावा बालोद नगर पालिका क्षेत्र मेंं चल रहे सड़क चौड़ीकरण व डिवाइडर निर्माण को देखते हुए अवैध कब्जा हटाया जा रहा है।
बालोद एसडीएम नूतन कंवर ने कहा कि शासकीय जमीन से पहले कब्जा हटाने कहा गया था। बार-बार नोटिस जारी होने के बाद भी कब्जा नहीं हटाया गया। इसलिए मंगलवार को अवैध कब्जा हटाने की कार्रवाई शुरू की गई है।
नेशनल हाइवे विभाग एसडीओ अनिल छारी ने कहा कि नेशनल हाइवे अंतर्गत जितने कब्जाधारी हैं, उन्हें पहले ही नोटिस देकर कब्जा हटाने कहा गया था। कब्जा नहीं हटाया, इसलिए यह कार्रवाई की गई है।
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Updated on:
10 Mar 2026 11:39 pm
Published on:
10 Mar 2026 11:38 pm
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