Himanta Biswa Sarma: असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने साफ कहा है कि उनके राज्य में चुनाव नाचते-गाते और शांतिपूर्ण माहौल में हुए, जहां किसी तरह की हेट स्पीच नहीं हुई।
Assam Elections 2026: असम चुनाव को लेकर आरोप लगते रहे हैं कि राजनीति में बयानबाजी का स्तर गिरता जा रहा है। इस पूरे मामले पर असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने साफ कहा है कि उनके राज्य में चुनाव नाचते-गाते और शांतिपूर्ण माहौल में हुए, जहां किसी तरह की हेट स्पीच नहीं हुई।
NDTV को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कांग्रेस के उन आरोपों को भी खारिज कर दिया, जिनमें कहा गया था कि ‘डिलिमिटेशन’ बीजेपी के फायदे के लिए किया गया। सरमा का कहना है कि जो लोग असम की असलियत नहीं समझते, वही ऐसे आरोप लगाते हैं। बीजेपी की लगातार तीसरी जीत के बाद उनका यह बयान सामने आया है।
असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने ‘NDTV’ से बातचीत में कहा कि असम में उनका चुनाव प्रचार बिल्कुल भी बांटने वाला नहीं था। उन्होंने उन आरोपों को खारिज किया, जिनमें कहा गया था कि चुनाव के दौरान हेट स्पीच का इस्तेमाल हुआ। उन्होंने साफ कहा, असम में कोई हेट स्पीच नहीं थी, उनका कहना है कि वह जो भी बोलते हैं, सोच-समझकर बोलते हैं और अपनी बात पर कायम रहते हैं।
असम चुनाव में बीजेपी ने बड़ी जीत हासिल की और 126 में से 82 सीटें जीतीं, जबकि कांग्रेस को सिर्फ 19 सीटें मिलीं। सरमा ने बताया कि उनकी पार्टी ने गैर-कानूनी प्रवासियों के मुद्दे को जोर-शोर से उठाया, क्योंकि यह राज्य में लंबे समय से एक बड़ा मुद्दा रहा है।
उन्होंने कहा कि असम के लोग अपनी पहचान और भविष्य को लेकर चिंतित हैं। उनके मुताबिक, राज्य में जनसंख्या का संतुलन तेजी से बदल रहा है, जिससे लोगों में डर और असुरक्षा की भावना है। यही वजह है कि लोगों ने बीजेपी का समर्थन किया। सरमा ने यह भी कहा कि यह सिर्फ बीजेपी की जीत नहीं, बल्कि असम के लोगों की जीत है, जो अपनी पहचान बचाना चाहते हैं।
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने आगे कहा है कि अगर ममता बनर्जी इस्तीफा नहीं देती हैं, तो उन्हें पद से हटाया जा सकता है। देश किसी एक नेता की मर्जी से नहीं चलता और नियम सभी पर लागू होते हैं। उनके मुताबिक, अगर बनर्जी खुद इस्तीफा नहीं देंगी, तो गवर्नर कुछ समय इंतजार करने के बाद कार्रवाई कर सकते हैं।
सरमा ने यह भी कहा कि चुनाव के नतीजे साफ आ चुके हैं, इसलिए उन्हें स्वीकार करना जरूरी है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि अगर कोई यह कहे कि उनकी सीटें छीन ली गईं, तो कोई भी ऐसा दावा कर सकता है, लेकिन इससे सिस्टम नहीं चलता।
दरअसल, ममता बनर्जी ने चुनाव हारने के बाद भी इस्तीफा देने से इनकार कर दिया है। उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि वह नहीं हारी हैं, इसलिए पद नहीं छोड़ेंगी। इसी को लेकर अब सियासी बहस तेज हो गई है।