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दिल्ली का बड़ा बिजनेसमैन बनकर कोटा के सर्राफा व्यापारी को बेच दी नकली चांदी की सिल्ली, पुलिस ने UP से किया गिरफ्तार

Rajasthan Crime: दिल्ली के बड़े कारोबारी का झांसा देकर एक गिरोह ने कोटा के सर्राफा व्यापारी से लाखों रुपए का सोना ठग लिया। बदले में छोड़ी गई चांदी की सिल्ली जांच में नकली निकली। मामले में फरार चल रहे 15 हजार रुपए के इनामी आरोपी को पुलिस ने उत्तर प्रदेश के आगरा से गिरफ्तार कर लिया।

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आरोपी की फोटो: पत्रिका

Accused Sold Fake Silver To Sarafa Businessman: कोटा के कुन्हाड़ी थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए नकली चांदी और सोने के नाम पर देशभर के ज्वैलर्स को निशाना बनाकर करोड़ों रुपए की धोखाधड़ी करने वाले गिरोह के एक और सदस्य को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने 15 हजार रुपए के इनामी आरोपी केके शर्मा को उत्तरप्रदेश के आगरा स्थित शमशाबाद रोड क्षेत्र से दबोच लिया। आरोपी पिछले दो वर्षों से फरार चल रहा था और गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार ठिकाने बदल रहा था।

सीआइ देवेश भारद्वाज ने बताया कि 19 नवंबर 2024 को रिद्धि-सिद्धि नगर निवासी सर्राफा व्यवसायी दिनेश जैन ने कोटा के कुन्हाड़ी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें बताया कि विनीत बंसल नामक व्यक्ति ने खुद को दिल्ली का बड़ा व्यापारी बताकर संपर्क किया और चांदी की सिल्ली दिखाकर भरोसा जीता। बाद में उसने 360.250 ग्राम सोना लिया और भुगतान की सुरक्षा के नाम पर करीब 29 किलो 869 ग्राम वजन की चांदी की सिल्ली छोड़ गया। जांच में सिल्ली नकली निकली, जिसके बाद धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष टीम गठित की गई। टीम ने घटनास्थल के सीसीटीवी फुटेज, फोटो, तकनीकी साक्ष्य और वैज्ञानिक जांच के आधार पर आरोपियों की पहचान कर उनकी तलाश शुरू की।

पहले गिरफ्तार हो चुके हैं आरोपी

पुलिस ने बताया कि जांच के दौरान मुख्य आरोपी मोहित कुमार वर्मा तथा उसके सहयोगी छत्रपाल सिंह और देवेन्द्र सिंह को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका था। वहीं गिरोह के सक्रिय सदस्य केके शर्मा की भूमिका सामने आने पर उसकी तलाश तेज की गई। पुलिस के अनुसार आरोपी बेहद शातिर है और अपने साथियों के साथ विभिन्न राज्यों में ज्वैलर्स को निशाना बनाता था। गिरोह पहले असली चांदी की सिल्ली खरीदता था, फिर उसमें से चांदी निकालकर उसकी जगह अन्य धातु और सामग्री भर देता था।

बाद में उसे असली बताकर बेचकर लाखों रुपए की ठगी करता था। लगातार प्रयासों और तकनीकी निगरानी के बाद पुलिस टीम को आरोपी के आगरा में होने की सूचना मिली। सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए उसे हिरासत में लेकर गिरफ्तार किया गया। आरोपी के खिलाफ पूर्व में भी आपराधिक मामले दर्ज बताए जा रहे हैं। पुलिस अब आरोपी से गहन पूछताछ कर रही है। अधिकारियों का मानना है कि पूछताछ में गिरोह के अन्य सदस्यों के साथ देश के विभिन्न राज्यों में की गई कई बड़ी धोखाधड़ी की वारदातों का खुलासा हो सकता है। मामले की जांच जारी है।