Ghaziabad Administration Campaign: सूर्या चौहान हत्याकांड के बाद खोड़ा में पुलिस और प्रशासन ने बड़ा अभियान शुरू किया है। इलाके के हिस्ट्रीशीटरों का सत्यापन किया जा रहा है, वहीं अवैध कब्जों और निर्माणों की भी जांच की जा रही है।
Khoda History Sheeters Verification: गाजियाबाद के खोड़ा इलाके में हुए चर्चित सूर्या चौहान हत्याकांड के बाद अब पुलिस और प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहे हैं। मामले को लेकर लगातार नई-नई कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में अब खोड़ा क्षेत्र के हिस्ट्रीशीटरों और अपराध से जुड़े लोगों की दोबारा जांच शुरू कर दी गई है। इसके साथ ही अवैध कब्जों और नियमों के खिलाफ बने निर्माणों को भी प्रशासन के निशाने पर लिया गया है। अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान कई दिनों तक चलने वाला है।
अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई सिर्फ एक दिन के लिए नहीं है। पुलिस और प्रशासन की टीमें लगातार तीन दिनों तक खोड़ा के अलग-अलग इलाकों में जांच करेंगी। इस दौरान हिस्ट्रीशीटरों और अपराध से जुड़े लोगों का दोबारा सत्यापन किया जाएगा। पुलिस यह भी पता लगाएगी कि जिन लोगों के खिलाफ पहले मामले दर्ज हैं, वे फिलहाल कहां रह रहे हैं और क्या कर रहे हैं। अधिकारियों ने टीमों को हर सूचना की अच्छे से जांच करने और जरूरत पड़ने पर मौके पर जाकर पड़ताल करने के निर्देश दिए हैं।
इस अभियान में अपराधियों और हिस्ट्रीशीटरों की तो जांच की जाएगी ही, उसके साथ-साथ अवैध निर्माणों और कब्जों पर भी प्रशासन द्वरा नजर रखी जाएगी। प्रशासनिक टीमें ऐसे मकानों और जमीनों की जानकारी जुटा रही हैं, जिनको लेकर पहले शिकायतें मिल चुकी हैं। साथ ही संबंधित दस्तावेजों की जांच की जा रही है और जहां कहीं भी गड़बड़ी मिलने की आशंका है, वहां विशेष तौर पर पड़ताल की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि नियमों के खिलाफ पाए जाने वाले मामलों में आगे कार्रवाई की जाएगी।
जानकारी केअनुसार प्रशासन यह सुनिश्चित करने में लगा है कि खोड़ा इलाके में अवैध निर्माण करने वालों और सरकारी जमीन पर कब्जा करने वाले लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
असद के नवनीत विहार वाले घर को लेकर प्रशासन को कुछ गड़बड़ी मिली है। अधिकारियों का कहना है कि घर और जमीन से जुड़े कागजों को लेकर स्थिति पूरी तरह साफ नहीं है। इसी वजह से घर पर नोटिस लगाया गया है। परिवार को 15 दिन का समय दिया गया है ताकि वे अपना पक्ष रख सकें। अगर तय समय में सही जवाब या जरूरी कागजात नहीं दिए गए, तो प्रशासन आगे कार्रवाई करते हुए बुलडोजर चला सकता है।
आपको बता दें कि असद गाजियाबद के सूर्या हत्याकांड का मुख्य आरोपी है। इन दोनों के बीच में बाइक को लेकर विवाद हुआ था। उसके बाद इसी झगड़े की वजह से असद ने अपने दोस्तों और पिता के साथ मिलकर इस घटना को अंजाम दिया था। अब तक इस मामले में असद का पुलिस एनकाउंटर कर चुकी है और पिता समते असद के दोस्तों को भी गिरफ्तार कर चुकी है।