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जिस बेल्ट ने बंद की ट्विशा की सांसे, उसे दो दिन निजी कार में लेकर घूमते रहे SI, जांच में बड़ा खुलासा

Twisha Sharma Case– जिस फंदे पर लटकी मिली थी ट्विशा वह फंदा या लिगेचर एक पुलिसकर्मी अपनी दो दिन तक अपनी निजी कार में लेकर घूमता रहा।

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Giribala Singh told the CBI that she treated Twisha like her own daughter

Twisha Sharma Case– भोपाल के चर्चित ट्विशा शर्मा मौत केस में सीबीआई की जांच में बड़ी लापरवाही का खुलासा हुआ है। इस लापरवाही ने जांच की दिशा को मोड़ने का काम किया। बताया जा रहा है कि ट्विशा जिस फंदे पर लटकी मिली थी वह फंदा या लिगेचर एक पुलिसकर्मी अपनी दो दिन तक अपनी निजी कार में लेकर घूमता रहा। बता दें कि, इसी लिगेचर बेल्ट से ट्विशा की मौत की कहानी पलटी थी। बता दें कि, ट्विशा के परिवार ने इस मामले की जांच को लेकर भोपाल पुलिस के कुछ पुलिसकर्मियों पर अफसरों पर गंभीर आरोप लगाए थे। अब जांच में सामने आए इस नई जानकारी से भोपाल पुलिस की जांच पर सवाल उठने लगे है।

दो दिन तक अपनी निजी कार में लेकर घूम रहे थे लिगेचर

सीबीआई की जांच में सामने आया है कि ट्विशा शर्मा जिस फांसी के फंदे पर लटकी मिली, उसे एक पुलिसकर्मी दो दिन तक अपनी कार में लेकर घूम रहे थे। इसी लिगेचर बेल्ट नहीं मिलने पर ट्विशा के परिजनों ने हत्या का संदेह जताया था। बताया जा रहा है कि लिगेचर बेल्ट (फंदे) को पुलिसकर्मी ने पोस्टमार्टम के वक्त भोपाल एम्स अस्पताल (Bhopal AIIMS) में जमा नहीं कराया था। घटना वाली रात यानी 12 मई को इस पुलिसकर्मी की नाइट ड्यूटी ड्यूटी लगी थी।

हड़कंप मचाने के बाद फॉरेंसिक लैब भेजा

सूत्रों के अनुसार, पुलिसकर्मी फंदा या लिगेचर बेल्ट को दो दिन तक अपनी कार में ही रखे हुए थे। जब इसे लेकर हड़कंप मचा तब आनन-फानन में इसे फोरेंसिक लैब भेजा गया था। बताया जा रहा है कि अब CBI सब इंस्पेक्टर की इस लापरवाही पर सख्त एक्शन ले सकती है। परिवार ने लगाए थे सबूतों से छेड़छाड़ के आरोप ट्विशा की पहली पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आने के बाद परिवार ने फॉरेंसिक एविडेंस के साथ छेड़छाड़ और जांच में लापरवाही के आरोप लगाए थे। तब पुलिस कमिश्नर संजय कुमार ने माना था कि आत्महत्या के समय इस्तेमाल की गई सामग्री शुरुआती पोस्टमार्टम के समय मेडिकल टीम तक नहीं पहुंचाई गई थी।

दोबारा रिमांड बढ़ाने की मांग कर सकती है CBI

बता दें कि, ट्विशा शर्मा मौत मामले में आरोपी पूर्व जज गिरिबाला सिंह और उनके बेटे समर्थ सिंह की CBI रिमांड मंगलवार को खत्म होने वाली है। अब दोनों को कोर्ट में पेश किया जाएगा। अगर आगे पूछताछ की जरुरत हुई तो जांच एजेंसी सीबीआई दोनों की दोबारा कस्टडी बढ़ाने की मांग कर सकती है। या फिर कोर्ट उन्हें ज्यूडिशियल कस्टडी में भेजने का फैसला करेगी।